अनीता कश्यप, नारकंडा ब्लॉक हि0प्र0 | हिमाचल प्रदेश में पंचायत चुनावों में निर्विरोध चुनी गई पंचायतों को प्रोत्साहित करने के लिए मुख्यमंत्री ने बड़ा ऐलान किया है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश की 137 निर्विरोध निर्वाचित पंचायतों के लिए 34.25 करोड़ रुपये की विशेष प्रोत्साहन राशि मंजूर करने की घोषणा की है। इस निर्णय का उद्देश्य पंचायत स्तर पर सौहार्दपूर्ण लोकतांत्रिक वातावरण को बढ़ावा देना तथा विकास कार्यों को गति देना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि निर्विरोध निर्वाचन सामाजिक एकता, आपसी भाईचारे और लोकतांत्रिक परिपक्वता का प्रतीक है। जिन पंचायतों ने बिना किसी चुनावी प्रतिस्पर्धा के सर्वसम्मति से अपने जनप्रतिनिधियों का चयन किया है, वे पूरे प्रदेश के लिए एक आदर्श उदाहरण हैं। सरकार ऐसे प्रयासों को सम्मानित करने और प्रोत्साहित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
घोषणा के अनुसार, स्वीकृत राशि पंचायतों में आधारभूत सुविधाओं के विकास, सामुदायिक भवनों, पेयजल, स्वच्छता, सड़क तथा अन्य जनहितकारी परियोजनाओं पर खर्च की जाएगी। इससे ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्यों को नई गति मिलेगी और लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
मुख्यमंत्री ने नव निर्वाचित प्रधानों, उपप्रधानों तथा पंचायत प्रतिनिधियों को बधाई देते हुए आशा व्यक्त की कि वे जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरते हुए पारदर्शिता और ईमानदारी के साथ विकास कार्यों को आगे बढ़ाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण विकास को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है और पंचायतों को सशक्त बनाने के लिए हर संभव सहयोग प्रदान किया जाएगा।
मुख्यमंत्री की इस घोषणा का प्रदेशभर में स्वागत किया जा रहा है। पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने इसे निर्विरोध लोकतंत्र को सम्मान देने वाला ऐतिहासिक कदम बताया है। इससे भविष्य में भी पंचायत चुनावों में आपसी सहमति और सामाजिक सद्भाव को बढ़ावा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।

