भरतपुर की चार प्रमुख सब्जी मंडियों में अव्यवस्था से यातायात प्रभावित, अस्पताल जाने वाले रास्तों को लेकर सबसे बड़ी चिंता; स्थायी व्यवस्था की मांग
मूकनायक/ यशपाल सोलंकी भरतपुर/राजस्थान
शहर के चार प्रमुख स्थानों—जामा मस्जिद, अनाह गेट, कन्नी गुजर चौराहा और कुम्हेर गेट से सेक्टर-3 जाने वाले मार्ग पर अव्यवस्थित ठेलों, गौवंश और बेतरतीब पार्किंग के कारण यातायात प्रभावित हो रहा है। राहुल मदेरणा का कहना है कि प्रशासन और आमजन मिलकर ऐसी व्यवस्था बना सकते हैं, जिसमें ठेला संचालकों का रोजगार भी प्रभावित ना हो और आम नागरिकों को जाम से भी राहत मिले।
-जामा मस्जिद: संकरी सड़क पर गौवंश और वाहनों का दबाव
शहर के बीचोंबीच स्थित जामा मस्जिद क्षेत्र की मंडी में रास्ता पहले से सीमित है। इसके बावजूद कई ग्राहक अपने दोपहिया वाहन लेकर मंडी के अंदर तक पहुंचते हैं और दुकानों के सामने ही वाहन खड़ा कर खरीदारी करने लगते हैं। दूसरी ओर दुकानों पर सामान सड़क की ओर आगे तक रखा जाता है। इससे पैदल चलने वालों और वाहनों के लिए बची जगह और कम हो जाती है। मंडी क्षेत्र में गौवंश के घूमने से भी परेशानी बढ़ती है। सब्जियों का कचरा खुले में पड़े रहने से गंदगी के साथ गौवंश की आवाजाही भी बढ़ती है। यहां जरूरत है कि दोपहिया वाहनों का प्रवेश नियंत्रित हो, दुकानों की सीमा तय हो, बाहर वाहन खड़े करने की व्यवस्था हो और डस्टबिन व नियमित सफाई की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
-अनाह गेट: चौड़ी सड़क, फिर भी अव्यवस्था से जाम
अनाह गेट ऐतिहासिक महत्व वाला प्रमुख द्वार है। इसके आसपास सड़क अपेक्षाकृत चौड़ी होने के बावजूद ठेले, खाद्य सामग्री की दुकानें और बेतरतीब खड़े ऑटो-टेंपो यातायात को प्रभावित करते हैं। कुछ ही समय में वाहनों की भीड़ बढ़ने पर जाम की स्थिति बन सकती है। इसके साथ अनाह गेट के आसपास गंदगी और अव्यवस्थित कब्जे शहर की ऐतिहासिक पहचान पर भी असर डालते हैं।
-कन्नी गुजर: चौड़ी सर्कुलर रोड पर शाम को बढ़ता दबाव
कन्नी गुजर चौराहा सर्कुलर रोड पर है। सड़क चौड़ी होने के बावजूद शाम के समय मंडी के ठेलों और खरीदारी करने वालों की भीड़ के कारण यातायात प्रभावित होता है। सबसे गंभीर चिंता अस्पताल जाने वाले मार्ग को लेकर है। इस क्षेत्र से प्रमुख अस्पतालों और सरकारी अस्पताल की ओर आवागमन होता है। जाम की स्थिति में मरीजों को लेकर जाने वाले वाहनों और एम्बुलेंस को परेशानी होती है।
-कुम्हेर गेट सेक्टर-3 प्रमुख मार्ग पर मंडी, वाहनों से और संकरा रास्ता
कुम्हेर गेट से सेक्टर-3 की ओर जाने वाले मार्ग पर सड़क किनारे लगे ठेलों और ग्राहकों द्वारा बेतरतीब खड़े किए जाने वाले वाहनों के कारण रास्ता काफी संकरा हो जाता है। यह मार्ग अलवर और डीग जिले की ओर जाने वाले यातायात के लिहाज से महत्वपूर्ण है। यहां बसों और बाहरी वाहनों का आवागमन भी रहता है। ऐसे में सड़क का हिस्सा घिर जाने से दोतरफा यातायात प्रभावित होता है और दुर्घटना की आशंका भी बनी रहती है। गौवंश की मौजूदगी तथा मंडी में खरीदारी करने वालों के वाहनों की बेतरतीब पार्किंग समस्या को और बढ़ाती है।
मदेरणा ने कहा कि सालभर आम नागरिक जाम, गंदगी और अव्यवस्था से जूझे और कभी-कभार कार्रवाई के बाद कुछ दिनों के लिए स्थिति सुधरे—यह स्थायी समाधान नहीं है। जरूरत है कि ऐसी व्यवस्था बने जो पूरे साल लागू रहे और जिसकी नियमित निगरानी भी हो। साथ ही मदेरणा ने लोगों से भी अपील की है कि इस समस्या का समाधान केवल प्रशासन की जिम्मेदारी नहीं है। आमजन को भी अपनी भूमिका समझनी होगी। मंडी में खरीदारी के लिए वाहन ठेलों के सामने या सड़क के बीच खड़े नहीं किए जाने चाहिए। ठेला संचालकों को भी अपने ठेले सड़क की निर्धारित सीमा से पीछे रखने चाहिए। प्रशासन को वेंडिंग की जगह निर्धारित करने, पार्किंग व्यवस्था बनाने, गौवंश के प्रबंधन, सफाई और नियमित निगरानी की जिम्मेदारी निभानी होगी। खासकर अस्पताल जाने वाले मार्गों पर किसी भी स्थिति में यातायात बाधित नहीं होना चाहिए।

