
स्वीकृत मीनू के अनुसार पौष्टिक एवं गर्म भोजन उपलब्ध, विभाग ने अफवाहों से बचने की अपील की
आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग ने स्पष्ट किया है कि बीजापुर जिले के प्री-मैट्रिक बालक छात्रावास, गंगालूर की व्यवस्थाओं में आवश्यक सुधार कर दिए गए हैं। वर्तमान में छात्रावास में विद्यार्थियों के लिए पर्याप्त संख्या में भोजन की थालियां उपलब्ध हैं तथा स्वच्छ, व्यवस्थित और स्वीकृत मीनू के अनुसार पौष्टिक एवं गर्म भोजन उपलब्ध कराया जा रहा है।
विभाग के अनुसार छात्रावास की सभी व्यवस्थाएं अब सुचारु रूप से संचालित हो रही हैं। छात्र-छात्राओं को गुणवत्तापूर्ण आवास, सुरक्षित वातावरण और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए लगातार निगरानी रखी जा रही है।
सहायक आयुक्त ने आमजन से अपील की है कि किसी भी जानकारी को साझा करने से पहले उसकी सत्यता अवश्य जांच लें और अफवाहों पर ध्यान न दें। उन्होंने कहा कि छात्रावासों का नियमित निरीक्षण एवं सतत मॉनिटरिंग की जा रही है। कहीं भी लापरवाही मिलने पर संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के विरुद्ध नियमानुसार कड़ी कार्रवाई की जाती है।
विभाग ने बताया कि छात्रावास में सुविधाओं की कमी संबंधी जानकारी मिलते ही तत्काल आवश्यक कदम उठाकर सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त कर दी गई थीं। वर्तमान में विद्यार्थियों को स्वच्छ, संतुलित और स्वीकृत मीनू के अनुरूप पौष्टिक भोजन नियमित रूप से उपलब्ध कराया जा रहा है।
विभाग ने दोहराया कि वनांचल एवं ग्रामीण क्षेत्रों के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ सुरक्षित आवासीय वातावरण और बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। छात्रावासों की व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के लिए आकस्मिक निरीक्षण और सतत निगरानी जारी रहेगी तथा भविष्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित जिम्मेदारों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

