

रायपुर। प्रदेश में सरकार गठन के बाद 11 लाख से अधिक प्रधानमंत्री आवास पूर्ण होने के उपलक्ष्य में गुरुवार को रायपुर स्थित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में राज्यस्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने 11 हितग्राहियों को उनके नए आवास की प्रतीकात्मक चाबी प्रदान की तथा “मोर गांव–मोर पानी” महाअभियान के उत्कृष्ट कार्यों पर आधारित कॉम्पेंडियम का विमोचन किया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने गठन के तुरंत बाद पहली कैबिनेट बैठक में 18 लाख प्रधानमंत्री आवासों के लिए राशि जारी करने का निर्णय लिया था। इसके परिणामस्वरूप पिछले ढाई वर्षों में प्रदेश में 11 लाख से अधिक प्रधानमंत्री आवास पूर्ण किए जा चुके हैं। इनमें पिछले वित्तीय वर्ष के दौरान लगभग 6 लाख आवास पूरे किए गए, जो एक वर्ष में देश में सर्वाधिक आवास पूर्ण करने की उपलब्धि बताई गई।
उन्होंने बताया कि वर्तमान वित्तीय वर्ष के पहले 100 दिनों (1 अप्रैल से 9 जुलाई) में ही 1 लाख 51 हजार प्रधानमंत्री आवास पूर्ण किए गए हैं। इस अवधि में प्रतिदिन औसतन 1,500 से अधिक आवासों का निर्माण पूरा हुआ है।
इस अवसर पर “मोर गांव–मोर पानी” महाअभियान के उत्कृष्ट कार्यों पर आधारित पुस्तिका का भी विमोचन किया गया। यह अभियान 24 अप्रैल 2025 को पंचायती राज दिवस के अवसर पर शुरू किया गया था। जनभागीदारी आधारित इस अभियान के तहत महात्मा गांधी नरेगा एवं वीबी-जीरामजी के माध्यम से 2,000 करोड़ रुपये से अधिक की लागत से एक लाख से अधिक जल संरक्षण एवं जल संवर्धन कार्य स्वीकृत एवं क्रियान्वित किए जा रहे हैं। अभियान के अंतर्गत आजीविका डबरी, नवा तरिया, कंटूर ट्रेंच सहित विभिन्न जल संरचनाओं का निर्माण कर जल संरक्षण, भूजल संवर्धन तथा ग्रामीण आजीविका को बढ़ावा दिया जा रहा है।
कार्यक्रम में उपमुख्यमंत्री एवं पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्री विजय शर्मा, महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े, कौशल विकास एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री गुरु खुशवंत साहेब, छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल के अध्यक्ष रामप्रताप सिंह, जिला पंचायत अध्यक्ष नवीन कुमार अग्रवाल, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग की अपर मुख्य सचिव ऋचा शर्मा, प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के संचालक तारन प्रकाश सिन्हा सहित जनप्रतिनिधि, अधिकारी और बड़ी संख्या में हितग्राही उपस्थित रहे।

