Monday, September 28, 2026
Homeभरतपुरसीएम भजन लाल के गढ़ भरतपुर में भाजपा ध्वस्तः 65 में से...

सीएम भजन लाल के गढ़ भरतपुर में भाजपा ध्वस्तः 65 में से 36 वार्डों पर निर्दलीयों का कब्जा, मेयर की चाबी बागियों के हाथ

मूकनयक न्यूज/यशपाल सोलंकी/भरतपुर/राजस्थान

भरतपुर नगर निगम चुनाव के नतीजों ने सूबे की राजनीति में भूचाल ला दिया है। कुल 65 वार्डों के सामने आए जनादेश ने मुख्य राजनीतिक दलों—भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और कांग्रेस—दोनों के संगठनात्मक ढांचे और दावों की हवा निकाल दी है। यहां तक कि मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा के घर यानि गढ़ में भाजपा ध्वस्त हो गई है।
जनता ने दलीय सीमाओं को नकारते हुए रिकॉर्ड 36 वार्डों में निर्दलीय प्रत्याशियों को जीत का ताज पहनाया है। वहीं, भाजपा महज 20 सीटों पर सिमट गई है, जबकि कांग्रेस केवल 07 वार्डों में ही जीत दर्ज कर तीसरे पायदान पर खिसक गई है। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) और राष्ट्रीय लोकतांत्रिक पार्टी (आरएलपी) के खाते में 1-1 सीट आई है। स्पष्ट है कि नगर निगम के बोर्ड गठन की चाबी अब पूरी तरह से निर्दलीयों की मुट्ठी में आ गई है। बता दें कि पहली बार भरतपुर में निकाय चुनाव के लिए मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने रोड शो किया था।
वार्ड स्तर के नतीजों पर नजर डालें तो वार्ड 1 से 4 तक करन सिंह, अम्बिका सैनी, आकाश निराला और अरविन्द ने निर्दलीय परचम लहराया। वार्ड 5 से कांग्रेस के गजेंद्र कुमार ने जीत दर्ज की, जबकि वार्ड 6 व 7 में कमलेश और कुंदन निर्दलीय जीते। वार्ड 8 से भाजपा के जीतेंद्र सिंह, वार्ड 12 से सुधा शर्मा, वार्ड 19 से मनोज सिंह, वार्ड 22 से नीतू सिंह, वार्ड 23 से किरन, वार्ड 28 से नीलम, वार्ड 29 से राजवीर और वार्ड 32 से सुलेखा विजयी रहीं।
भाजपा ने आगे चलकर वार्ड 40 से 44 तक लगातार रीना, योगेश्वरी, रूपेंद्रसिंह, प्रेमपाल और भीमसिंह के दम पर दबदबा बनाया, साथ ही वार्ड 50 (लक्ष्मी), 51 (सुशील शर्मा), 54 (हरेंद्र), 57 (देवेंद्रसिंह), 58 (निशा अग्रवाल), 61 (अनुराधा) और 62 (जगदीशसिंह) पर जीत हासिल की। वहीं, कांग्रेस के लिए परिणाम निराशाजनक रहे। पार्टी की ओर से गजेंद्र कुमार के अलावा वार्ड 13 से ओमप्रकाश, वार्ड 18 से मीनू, वार्ड 35 से राकेश, वार्ड 49 से योगेश और वार्ड 55 से दयानन्द पचौरी ही लाज बचा सके। वार्ड 16 से बसपा के मोतीसिंह तथा वार्ड 21 से आरएलपी के गोपाल ने जीत दर्ज कर उपस्थिति दर्ज कराई।
दूसरी तरफ, वार्ड 9 से 11 (कमलेश, अमरनाथ, तेजराम), 14-15 (अर्जनसिंह, बरफी), 17 (विचित्रा), 20 (पूनम), 24 से 27 (राजेन्द्र कुमार, आरती, वीरमती, लोकेश), 30-31 (राजकुमार, भास्कर), 33-34 (जयप्रकाश शर्मा, वंदना), 36 से 39 (किरणदेवी, अमरसिंह, धीरजकुमार, जगदीश), 45 से 48 (योगिता, शीला, प्रह्लाद, मानवेन्द्र), 52-53 (रीना कुमारी, जयश्री), 56 (कल्पेश), 59-60 (आरती, जितेंद्र) और 63 से 65 (सुनीता, रामेश्वरसिंह, जनार्दनसिंह) तक निर्दलीयों की आंधी चली। स्पष्ट बहुमत के अभाव में अब शहर की सरकार बनाने के लिए जोड़-तोड़ और सियासी खींचतान तेज हो गई है।

- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments