मूकनायक/पवन बंसीवाल
भरतपुर/बयाना
भरतपुर जिले के बयाना उपखंड के गढ़ी बाजना थाना क्षेत्र स्थित दर्र बरहाना गांव में मंगलवार को भारतीय सेना के जवान दयाराम गुर्जर को सैन्य एवं राजकीय सम्मान के साथ अंतिम विदाई दी गई। जैसे ही सेना का वाहन उनका पार्थिव शरीर लेकर गांव पहुंचा, पूरा क्षेत्र “भारत माता की जय” और “वीर जवान अमर रहें” के नारों से गूंज उठा। हजारों ग्रामीणों, जनप्रतिनिधियों और पूर्व सैनिकों ने नम आंखों से अपने वीर सपूत को श्रद्धांजलि अर्पित की।
जानकारी के अनुसार, भारतीय सेना की 16 राजपूत रेजिमेंट में तैनात दयाराम गुर्जर का रविवार रात दिल्ली से पंजाब जा रही ट्रेन में पेट्रोलिंग ड्यूटी के दौरान अचानक हार्ट अटैक आने से निधन हो गया। साथियों ने उन्हें बचाने का हर संभव प्रयास किया, लेकिन उनकी जान नहीं बचाई जा सकी।
दयाराम गुर्जर वर्ष 2010 में भारतीय सेना में भर्ती हुए थे। उन्होंने अपने सैन्य जीवन की शुरुआत कठिन ग्लेशियर क्षेत्र में सेवा देकर की थी और वर्तमान में दिल्ली में तैनात थे। उनके असामयिक निधन से परिवार और पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई। अपने पीछे वे पत्नी, एक पुत्र, दो पुत्रियों और तीन भाइयों का भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं।
गांव के श्मशान घाट पर भारतीय सेना के जवानों ने पूरे सैन्य सम्मान के साथ उन्हें अंतिम सलामी दी, जिसके बाद राजकीय सम्मान के साथ उनका अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान उपस्थित लोगों ने देश की सेवा में उनके समर्पण, कर्तव्यनिष्ठा और साहस को नमन किया।
पूर्व सैनिक संघ बयाना के अध्यक्ष बलराम कावर ने कहा कि जवान दयाराम गुर्जर का निधन पूरे क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति है। उन्होंने कहा कि देश के प्रति उनकी निष्ठा और सेवा सदैव प्रेरणा देती रहेगी।

