मूकनायक /गोपाल मेघवंशी
रायपुर /भीलवाड़ा राजस्थान
मोखुंदा
ग्राम पंचायत मोखुंदा इन दिनों अव्यवस्था, लापरवाही और भ्रष्टाचार के आरोपों के चलते चर्चाओं में है। हाल ही में “मोखुंदा पंचायत में गहराता भ्रष्टाचार और लापरवाही का संकट” शीर्षक से प्रकाशित खबर के बाद ग्राम पंचायत हरकत में आई और आनन-फानन में इंदिरा कॉलोनी स्थित अधूरे नाले के निर्माण कार्य को पूरा किया गया।
ग्रामीणों ने इस कार्य को लेकर आंशिक राहत की सांस ली है, लेकिन वहीं दूसरी ओर पंचायत की जल्दबाजी में की गई कार्यप्रणाली अब नई समस्या बनकर सामने आ रही है। मीडिया प्रभारी मोहम्मद अशरफ रंगरेज ने बताया कि नाले के साथ पेयजल लाइन व गटर के मुंह को खुला छोड़ दिया गया है, जिससे किसी भी वक्त बड़ी दुर्घटना हो सकती है।
प्रकाशन से आई हरकत में पंचायत, लेकिन अधूरी प्लानिंग से खतरा बरकरार
ग्रामीणों का कहना है कि जब तक किसी समस्या को मीडिया के माध्यम से उजागर नहीं किया जाता, तब तक पंचायत किसी भी प्रकार की जिम्मेदारी नहीं निभाती। इससे पंचायत की कार्यशैली और जवाबदेही पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।
स्थानीय लोग बोले – ‘मजबूरी में मीडिया का सहारा लेना पड़ता है’
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि कई बार शिकायतों के बावजूद पंचायत स्तर पर कोई सुनवाई नहीं होती। मजबूरी में जब हालात अखबारों की सुर्खियों में आते हैं, तब जाकर जिम्मेदार जागते हैं।
ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मोखुंदा पंचायत में चल रहे कार्यों की निष्पक्ष जांच करवाई जाए और जो भी अधिकारी या कर्मचारी दोषी पाए जाए, उनके विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाए।

