मूकनायक/ दुर्गेन्द्र सम्राट स्टेट सब एडिटर बाराबंकी/उत्तर प्रदेश
बाराबंकी/गोंडा। गोंडा जिले के परसपुर थाना क्षेत्र में कुछ दिन पूर्व विनोद कुमार सहनी निषाद की धारदार हथियारों से हमला कर हत्या किए जाने के मामले में पीड़ित परिवार से मिलने जा रहे आजाद समाज पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं सांसद चंद्रशेखर आजाद को बाराबंकी के रामनगर में पुलिस द्वारा रोके जाने का मामला तूल पकड़ता जा रहा है।
लखनऊ से बाराबंकी के रास्ते गोंडा जा रहे चंद्रशेखर आजाद के काफिले को रामनगर में रोके जाने के बाद मौके पर काफी देर तक गहमागहमी रही। चंद्रशेखर आजाद अपने समर्थकों के साथ वहीं डटे रहे और स्पष्ट कर दिया कि वह पीड़ित परिवार से मिलने गोंडा जाएंगे।
इसी दौरान उनकी पुलिस अधिकारी से तीखी नोकझोंक भी हुई। चंद्रशेखर आजाद ने काफिले पर हमला किए जाने का आरोप लगाते हुए कहा कि हमला करने वाले व्यक्ति को सामने आकर कार्यकर्ताओं से माफी मांगनी होगी और उसके खिलाफ उचित कार्रवाई होनी चाहिए।
हमें रोककर बहुत गलत कर रहे हैं
मौके पर चंद्रशेखर आजाद ने पुलिस प्रशासन पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि उन्हें और उनके कार्यकर्ताओं को रोकना ठीक नहीं है। उन्होंने कहा कि वह किसी भी कीमत पर पीड़ित परिवार से मिलने के अपने निर्णय से पीछे नहीं हटेंगे।
चंद्रशेखर आजाद ने कहा कि “हम इस जिले को छोड़कर नहीं जाएंगे, जब तक सामंतवादियों को झुकने के लिए मजबूर नहीं कर देते। जरूरत पड़ी तो अपने सारे काम रोककर भी यहां डटे रहेंगे।” [ ये वही जिला है ना जहां पिछली बार हमको धमकी मिली थी “हम भी इस जिले को छोड़ेंगे नहीं जब तक इनके नाक नहीं रगड़वा देंगे ]
सरकार और मुख्यमंत्री पर सीधा हमला
चंद्रशेखर आजाद ने प्रदेश की वर्तमान सरकार और मुख्यमंत्री पर भी सीधे निशाना साधा। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कार्यकर्ताओं के साथ अन्याय और उन्हें रोकने का सिलसिला जारी रहा तो आजाद समाज पार्टी लोकतांत्रिक तरीके से इसका जवाब देगी।
उन्होंने कहा मुख्यमंत्री के जहां-जहां कार्यक्रम होंगे, वहां आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ता लोकतांत्रिक तरीके से विरोध दर्ज कराएंगे।
पूरे देश में कार्यकर्ताओं में आक्रोश
बाराबंकी में चंद्रशेखर आजाद को रोके जाने की खबर के बाद आजाद समाज पार्टी के कार्यकर्ताओं में आक्रोश बताया जा रहा है। पार्टी के विभिन्न जिलों के पदाधिकारियों और प्रतिनिधिमंडलों से तत्काल जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपने का आह्वान किया गया है। और देश प्रदेश के कई जिलों पर कलेक्ट्रेट पहुंच कर लोगो ने विरोध जताया और राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सोपा।
कार्यकर्ताओं का कहना है कि गोंडा में मृतक के परिवार को न्याय मिलना चाहिए और काफिले पर हमला करने के आरोपों की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई होनी चाहिए।
चंद्रशेखर आजाद ने साफ संदेश दिया कि अन्याय और कार्यकर्ताओं के सम्मान के मुद्दे पर आजाद समाज पार्टी पीछे हटने वाली नहीं है।

