मूकनायक/सरिता रानी
पानीपत/हरियाणा
हरियाणा सरकार ने प्रदेश की शिक्षा व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के उद्देश्य से राजकीय विद्यालयों में उप-प्रधानाचार्य (वाइस प्रिंसिपल) के पद सृजित करने का निर्णय लिया है। इस पहल के तहत प्रदेश के 1,500 क्लस्टर स्कूलों में उप-प्रधानाचार्य नियुक्त किए जाएंगे, जिससे विद्यालयों में शैक्षणिक नेतृत्व और प्रशासनिक व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
सरकार का मानना है कि उप-प्रधानाचार्य की नियुक्ति से विद्यालयों में शिक्षण कार्यों की बेहतर निगरानी, प्रशासनिक कार्यों का प्रभावी संचालन और विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी। इससे प्रधानाचार्यों का कार्यभार भी कम होगा और स्कूल प्रबंधन अधिक व्यवस्थित हो सकेगा।
इसके साथ ही शिक्षकों की सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए बाल देखभाल अवकाश (Child Care Leave) के लिए ऑनलाइन पोर्टल शुरू किया जाएगा, जिससे अवकाश संबंधी प्रक्रिया सरल, पारदर्शी और समयबद्ध बनेगी। वहीं, शिक्षकों के लंबित मामलों के त्वरित निपटारे की भी व्यवस्था की जाएगी, ताकि उनकी प्रशासनिक समस्याओं का शीघ्र समाधान हो सके।
राज्य सरकार का कहना है कि इन सुधारात्मक कदमों से शिक्षा व्यवस्था में पारदर्शिता, दक्षता और गुणवत्ता बढ़ेगी। सरकार का उद्देश्य विद्यालयों में बेहतर शैक्षणिक वातावरण तैयार कर विद्यार्थियों को उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा उपलब्ध कराना है।

