
कोंडागांव, माकड़ी और फरसगांव के ग्रामों का आकस्मिक निरीक्षण, ‘मोर गांव–मोर पानी’ अभियान के कार्यों की सराहना
कोण्डागांव, 9 जुलाई। ग्रामीण विकास योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अविनाश भोई ने कोंडागांव, माकड़ी एवं फरसगांव विकासखंड के विभिन्न ग्राम पंचायतों का आकस्मिक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने विभिन्न विकास कार्यों की प्रगति का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों और तकनीकी अमले को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
कोंडागांव जनपद पंचायत के ग्राम पंचायत मसोरा में सीईओ ने निर्माणाधीन सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) भवन, ग्राम पंचायत भवन तथा अटल डिजिटल सुविधा केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, तकनीकी मानकों और प्रगति की समीक्षा करते हुए सभी कार्य निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्वक पूर्ण करने के निर्देश दिए।
इसके बाद माकड़ी विकासखंड के ग्राम पंचायत केरावाही में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत निर्माणाधीन आवासों का निरीक्षण किया गया। इस दौरान उन्होंने हितग्राहियों से चर्चा कर निर्माण कार्यों की जानकारी ली तथा अधिकारियों को सभी पात्र हितग्राहियों के आवास समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूर्ण कराने के निर्देश दिए।
फरसगांव विकासखंड के ग्राम पंचायत भंडारशिवनी में मुख्य कार्यपालन अधिकारी ने वीबी-जी राम जी योजना एवं ‘मोर गांव–मोर पानी’ महाअभियान के अंतर्गत पूर्ण किए गए सामुदायिक तालाब गहरीकरण कार्य का निरीक्षण किया। उन्होंने जल संरक्षण के महत्व पर ग्रामीणों से चर्चा करते हुए इस प्रकार की संरचनाओं से होने वाले दीर्घकालिक लाभों की जानकारी दी। साथ ही निर्माणाधीन नए तालाब का भी निरीक्षण किया तथा श्रमिकों की उपस्थिति, मस्टर रोल और कार्य की माप का भौतिक सत्यापन किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने कार्यों की गुणवत्ता और प्रगति पर संतोष व्यक्त किया।
निरीक्षण के बाद अविनाश भोई ने अधिकारियों, अभियंताओं और तकनीकी कर्मचारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि शासकीय धन का सदुपयोग सुनिश्चित करते हुए सभी निर्माण कार्य निर्धारित गुणवत्ता मानकों और समय-सीमा के अनुरूप पूरे किए जाएं, ताकि योजनाओं का लाभ समय पर आमजन तक पहुंच सके।
निरीक्षण के दौरान संबंधित जनपद पंचायतों के अधिकारी, तकनीकी अमला, पंचायत प्रतिनिधि एवं ग्रामीण उपस्थित रहे।

