Tuesday, September 29, 2026
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जनजातीय समाज का स्वाधीनता संग्राम एवं राष्ट्र के नवनिर्माण में महत्वपूर्ण योगदान: सांसद नाग

मूकनायक/ छत्तीसगढ़

कांकेर लोकसभा क्षेत्र के सांसद भोजराज नाग ने कहा कि जनजातीय समाज का इतिहास और विरासत अत्यंत वैभवशाली है। उन्होंने कहा कि देश के स्वाधीनता संग्राम के साथ-साथ राष्ट्र के नवनिर्माण में जनजातीय समाज के लोगों तथा जनजातीय नायकों, महापुरुषों का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। नाग आज धरती आबा भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के अवसर पर जिला मुख्यालय बालोद के जय स्तंभ चौक स्थित नगर पालिका परिसर के सी-मार्ट में आयोजित जनजातीय गौरव दिवस समारोह को संबोधित कर रहे थे। समारोह में नाग मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। इस अवसर पर नाग ने जनप्रतिनिधियों एवं कार्यक्रम में उपस्थित लोगों की मांग पर नगर पालिका परिषद बालोद के परिसर स्थित हॉल का नामकरण भगवान बिरसा मुंडा के नाम पर करने की घोषणा भी की।

कार्यक्रम में संजारी-बालोद विधानसभा क्षेत्र की विधायक संगीता सिन्हा, राज्य लघु वनोपज संघ के उपाध्यक्ष यज्ञदत्त शर्मा, जिला पंचायत अध्यक्ष तारणी पुष्पेंद्र चंद्राकर, नगर पालिका परिषद बालोद की अध्यक्ष प्रतिभा चौधरी, जिला पंचायत उपाध्यक्ष तोमन साहू, राष्ट्रीय बाल संरक्षण आयोग के पूर्व सदस्य यशवंत जैन, पूर्व विधायक आर.के. राय, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष देवलाल ठाकुर, जनपद पंचायत बालोद की अध्यक्ष सरस्वती टेमरिया, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष राकेश यादव, वरिष्ठ जनप्रतिनिधि पवन साहू, अमित चोपड़ा सहित अन्य जनप्रतिनिधि तथा समाज प्रमुख मौजूद थे। साथ ही कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुनील चंद्रवंशी, अपर कलेक्टर अजय किशोर लकरा, संयुक्त कलेक्टर मधुहर्ष, डिप्टी कलेक्टर प्राची ठाकुर, सहायक आयुक्त आदिवासी विभाग विजय कंवर सहित बड़ी संख्या में आदिवासी समाज के लोग उपस्थित थे।

अतिथियों द्वारा आदिवासी समाज के देवी-देवताओं, भगवान बिरसा मुंडा, छत्तीसगढ़ महतारी और शहीद वीर नारायण सिंह की पूजा-अर्चना के पश्चात कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया गया।

समारोह को संबोधित करते हुए सांसद भोजराज नाग ने जनजातीय समाज के इतिहास और सांस्कृतिक विरासत पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने भगवान बिरसा मुंडा, वीरांगना दुर्गावती, शहीद वीर नारायण सिंह, शहीद गैंद सिंह नायक, शंकर शाह, रघुनाथ शाह, तिलका मांझी सहित अनेक जननायकों के व्यक्तित्व और कृतित्व के बारे में जानकारी दी। नाग ने कहा कि आदिवासी समाज सब कुछ बर्दाश्त कर सकता है, लेकिन अपने अस्तित्व और संस्कृति पर हमला कभी बर्दाश्त नहीं कर सकता।

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा वर्ष 2021 से जनजातीय गौरव दिवस शुरू करने और जनजातीय नायकों के बलिदान को इतिहास में विशेष स्थान दिलाने हेतु किए गए प्रयासों के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार जनजातीय समाज को मान-सम्मान दिलाने तथा उनके संरक्षण और संवर्धन हेतु निरंतर कार्य कर रही है, जिसके परिणामस्वरूप देश के सर्वोच्च पदों पर आदिवासी समाज का प्रतिनिधित्व बढ़ा है।

पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष देवलाल ठाकुर ने भी समारोह को संबोधित करते हुए जनजातीय नायकों के बलिदान और योगदान पर प्रकाश डाला।

स्वागत भाषण के दौरान कलेक्टर दिव्या उमेश मिश्रा ने जनजातीय गौरव दिवस की शुभकामनाएँ दीं और आदि कर्मयोगी अभियान के अंतर्गत जिले में हुए कार्यों की जानकारी दी। मिश्रा ने बताया कि जिले को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू द्वारा स्क्रीन फेलिसिटेशन अवार्ड प्रदान किया गया है। कलेक्टर ने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय द्वारा भेजे गए संदेश का वाचन भी किया।

कार्यक्रम में स्वतंत्रता सेनानियों के परिजनों, समाज के प्रतिभाओं, प्रतिभाशाली विद्यार्थियों एवं राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। विभिन्न शिक्षण संस्थानों के विद्यार्थियों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम और वंदे मातरम की प्रस्तुति दी गई।

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