
मूकनायक/महिपाल सिंह टंडन
जैजैपुर छत्तीसगढ़.
छत्तीसगढ़ में किसानों को इन दिनों किसान कार्ड पंजीकरण में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। इसकी मुख्य वजह आधार कार्ड और खतौनी (जमाबंदी) में हितग्राही और उनके पिता के नाम का बेमेल होना है। इस विसंगति के कारण कई ग्रामीण किसान पंजीकरण से वंचित हो रहे हैं, जिससे उन्हें सरकारी योजनाओं का लाभ मिलने में परेशानी हो सकती है।
मामला संज्ञान में आने के बाद, प्रभावित किसानों ने ग्राम पंचायत सरपंच से इस समस्या के समाधान के लिए हस्तक्षेप की अपील की है। ग्रामीणों का कहना है कि सरपंच महोदय पटवारी से मिलकर इस गंभीर मुद्दे को संज्ञान में लें और उनकी मदद करें।
किसानों की मांग है कि पटवारी महोदय आधार कार्ड में दर्ज नाम के अनुसार खतौनी में सुधार करें, ताकि वे बिना किसी बाधा के किसान कार्ड के लिए पंजीकरण करा सकें। यह सुधार न केवल किसानों को पंजीकरण में मदद करेगा, बल्कि भविष्य में भी उन्हें भू-अभिलेखों से संबंधित किसी भी समस्या से बचाएगा।
इस समस्या के त्वरित समाधान की आवश्यकता है ताकि छत्तीसगढ़ के किसान अपनी उपज और कृषि से संबंधित अन्य लाभों को समय पर प्राप्त कर सकें। स्थानीय प्रशासन से अपेक्षा है कि वे इस मुद्दे पर गंभीरता से ध्यान दें और किसानों को राहत प्रदान करें।

