
मूकनायक/कमलेश लवहात्रै
बिलासपुर छत्तीसगढ़
ऑल इंडिया बुद्धिष्ट फोरम, छत्तीसगढ़ और दुर्ग/भिलाई के समस्त बौद्ध संगठन बिहार के बोधगया महाबोधी महाविहार से बीटी 1949 एक्ट निरस्त कराने और महाबोधी महाविहार को ब्राह्मणवाद से मुक्त करने के लिए देश के अलग अलग राज्यों में आंदोलन चल रहे है । दुर्ग जिले में ऑल इंडिया बुद्धिष्ट फोरम छत्तीसगढ़ प्रदेश अध्यक्ष सविता बौद्ध संकल्पी अर्थात सामनेरी खेमा के नेतृत्व और मार्गदर्शन में एवं समता सुरक्षा सेना के संरक्षण में निरंतर जारी रहेगा। ऑल इंडिया बुद्धिष्ट फोरम छत्तीसगढ़ और दुर्ग/भिलाई आंदोलन के नेतृत्वकर्ता, तन-मन-धन से जमीनी स्तर पर कार्य करने और श्रमदान करने वाले डॉ .अरविंद चौधरी,अनिल जोग,रामाराव ढोक,सुदेश कुमार,आशीष चौहान,महेंद्र बौद्ध,अल्का बौद्ध,जयश्री बौद्ध,करुणा भालाधरे,अर्चना वासनिक,रसिया सहारे,नीलिमा कांहेकर,काशी मेश्राम,महेंद्र चौहान,माधुरी रंगारी ,आदि सुबह से शाम तक धरने स्थल पर अपनी सेवाएं दे रहें है।आपका समर्पण और कड़ी मेहनत अवश्य ही रंग लाएगी और बीटी एक्ट 1949 रद्द होकर रहेगा ।आज की सभा को कल बोधगया धरने स्थल से लौटे दुर्ग निवासी आयुष्मान अशोक मेश्राम जी ने महाबोधी महाविहार पर बोधगया की संपूर्ण रिपोर्ट प्रस्तुत की और धरने का विरोध कर संघ भेद करने वालों की कड़े शब्दों में निंदा की। धरने स्थल पर उनके संबोधन से सकारात्मक ऊर्जा का संचार हुआ । आंदोलन के पहले दिन से आयुष्मान डॉ.अरविंद चौधरी और सुदेश कुमार पहले दिन से बोधगया महाबोधी महाविहार मुक्ति आंदोलन की वर्तमान वस्तुस्थिति पर अपने जोशीले वक्तव्य से लोगों को जागृत कर रहे है। एस.आर.कांडे आयुष्मती सुधा डोंगरे और प्रज्ञा कांडे ने सभा को संबोधित किया । धरना प्रदर्शन सामनेरी विशाखा,सामनेरी संघप्रिया उपस्थिति में लगातार आगे बढ़ रहा है। हमारी केवल दो ही मांगे पहली बीटी एक्ट 1949 रद्द हो और महाबोधि महाविहार गैर बौद्धों से मुक्त होना चाहिए । अन्यथा यह आंदोलन तब तक जारी रहेगा जब तक बिहार सरकार बीटी एक्ट 1949 खत्म नहीं कर देती और महाबोधी महाविहार प्रबंधन बौद्धों को सौंप नहीं देती।
इस अवसर पर साक्षी बौद्ध,श्रेया,रिया ,,मंजू डोंगरे,प्रमिला रंगारी,योगेश सहारे,किशोर वाल्दे ,योगा डोंगरे,लतिका खांडेकर ,अष्टशिला वासनिक, बेनू गजभिए,राजेंद्र मेश्राम,राजू गेडाम भूषण नाडिया,ज्योति गेडाम, एस.आर.कांडे, प्रज्ञा कांडे , लाला रंगारी,कुमेश खांडेकर, जे . डी.राउत ,घनश्याम लांजेवार ,भूमिका,नेहा,ज्योति भीमटे,पूर्णिमा मेश्राम आदि ने गरिमामई उपस्थिति दर्ज कराई।रामाराव ढोक और
इंदु ढोक ने धरना प्रदर्शन में जलपान की सेवाएं संभाली है। प्रतीक्षा सहारे,सृष्टि,समीक्षा,
रिया,श्रेया और प्रज्ञा बच्चों ने नारों के माध्यम से बिहार सरकार को ललकारा ।

