=====================बालको नगर में आयोजित भारतीय संविधान सुरक्षा सत्संग के आयोजन के मुख्य वक्ता मूलनिवासी मुक्ति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं राष्ट्रीय संयुक्त मोर्चा के संयोजक गोपाल ऋषिकर भारती ने कहा कि भारत का संविधान देश के प्रत्येक नागरिक को बिना भेदभाव के समान अधिकार देता है इन अधिकारों में देश की संपत्ति और साधनों पर सभी वर्गो का सामान बटवारा सुनिश्चित है किन्तु अंग्रेजों से आजादी के बाद भी देश के 90% मेहनतकश मजदूर किसान और कमजोर वर्गों को गरीबी रेखा से नीचे ढकेलने और हिंदुत्व के नाम पर भारतीय जनता पार्टी की मोदी सरकार उन्हें गुलाम और लाचार बनाने के लिए देश के विदेशी दुश्मनों की तरह महगांई,निजीकरण,हिंसा ,नफरत और दुराचार फैलाने की सुनियोजित साजिशों में संलग्न हो चुकी है।भारत के 95% बिखरे हुए विपक्ष और बहुसंख्य सर्वहारा समाज को मात्र 1 साल के अंदर राष्ट्रीय संयुक्त मोर्चा के तहत एक होना होगा।देश के प्रधान मंत्री मोदीजी ने जनता को रेवड़ियां बाटने पर कुछ आपत्तियां उठाई है किन्तु उन्होंने हर चुनाव में भीख और रेवड़ियों से भी बदतर झूठे आश्वासन, झासेबजी करके चुनावों को जितने का काम किया है।आज भारतवासियों को एक ऐसी सरकार चाहिए जो भारत के संविधान जिसमें समाजवादी लोकतंत्र के आधार पर सबको न्यूनतम और अधिकतम पैमाने पर देश की संपत्ति और साधनों पर अधिकार दे सके।इस आधार पर हमारा राष्ट्रीय संयुक्त मोर्चा देश के प्रत्येक जरूरतमंद बेरोजगार को प्रति माह न्यूनतम 25000/रू का तथा योग्यता के आधार पर 250000/ का रोजगार देने की गारंटी देगा। इसके साथ ही देश की आम जनता को बुनियादी सुविधाएं जिनमे पौष्टिक भोजन, स्वस्थ मनोरंजन, पेयजल, बिजली आवास,शिक्षा,चिकित्सा और सम्मान के साथ जीने के समान अवसरों की गारंटी देंगे।
कार्यक्रम को मूलनिवासी मुक्ति मोर्चा के जिला संयोजक क्रांति कुमार साव,नवनियुक्त प्रदेश सचिव बसंती दीवान,केंद्रीय प्रतिनिधि मीरा पोर ते ,सचिव रजनी महानंद,बालको संगठन सचिव भुनेश्वर रत्नाकर,महिला सचिव लता जांगड़े,कोरबा जिला सचिव बलजीत कौर,उपाध्यक्ष पुष्पा राव ,संगामनगर सचिव रोजी मुखी ने संबोधित किया।कार्यक्रम में नवनियुक्त पदाधिकारियों का अभिनंदन और बधाई दी गई।बड़ी संख्या में महिलाएं और कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

