======================== राष्ट्रीय संयुक्त मोर्चा के संयोजक एवं सामाजिक संगठन मूलनिवासी मुक्ति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष गोपाल ऋषिकर भारती ने भारतीय जनता पार्टी की मोदी सरकार से अपील की है कि वो भारत के संवैधानिक मूल्यों पर आधारित मानवतावादी, धर्मनिरपेक्ष और लोकतांत्रिक सामाजिक ढांचे को अपने जातिवाद,लिंगभेद और पूंजीवादी घिनौने हिंदुत्व के एजेंडे से तोड़ने की साजिश बन्द करे। भाजपा यदि राजनीति में हिंदुत्व और जय श्रीराम का स्तेमाल खुलकर करने के लिए सुप्रीम कोर्ट के फैसले जिसमें हिन्दू कोई धर्म नहीं है का प्रमाण बताती है तब उनको दूसरी तरफ हिन्दू को धर्म बताकर आस्था की बाते करने का कोई अधिकार नहीं बनता है। भाजपा द्वारा अब हिन्दू ,मुसलमान ,जाती पाती के नाम पर निर्दोष हिंदुओ का अपराधीकरण करने का काला चिठ्ठा राजस्थान की गला काटने वाली घटना से सामने आ चुका है जिसमें निर्दोष कन्हैया की गरदन काटने वाला भाजपा के ही पूर्व गृहमंत्री और भाजपा का कार्यकर्ता था ।अब काली देवी पर टी एम सी सांसद महुआ मोइत्रा के विवादित बयान को लेकर भारत देश में अपनी गंदगी फैलाने वाली राजनीति करने की बजाय माता काली देवी को सदियों से हिंसक बताकर सम्पूर्ण भारत देश में आस्था के नाम पर नर बली, पशुबली और शराबखोरी को बढ़ावा देने वाले पंडितो को आतंकवादी घोषित करके ऐसी घिनौनी प्रथाओं और प्रचार पर तत्काल रोकने के लिए मोदी सरकार से अध्यादेश लाए।हिन्दू यदि धर्म है और राम भगवान है तो उसका किसी भी राजनीतिक पार्टी के द्वारा स्तेमाल करना चुनाव आयोग और सरकार द्वारा कड़ाई से बन्द करवाना होगा।यदि नहीं करते तो फिर विपक्ष को भाजपा के हिंदुत्व और राम का विरोध और भंडा फोड़ करने के मानवीय संवैधानिक अधिकार को स्वीकार करना होगा। भाजपा यदि काली को अहिंसक बता रही है तो विपक्ष की टी एम सी सांसद मोइत्रा अपने बयान में काली देवी को मांसाहारी और आगे.. बहुत कुछ बताना चाहती है इस तरह से एक सडियल समाज का ही निर्माण होगा और धर्म के नाम पर भाजपा टी एम सी फुट डालो राज करो वाली सत्ता की हवस पूरा करते रहेंगे। राष्ट्रीय संयुक्त मोर्चा समाज से अपील करता है कि हिन्दू धर्म की ठेकेदार बनकर भारत देश और आम जनता को तेजी से गुलामी और लाचारी की ओर धकेलने वाली भाजपा की मोदी सरकार के खिलाफ सर्व समाज को जल्द एकजुट होना ही पड़ेगा ।याद रहे भाजपा का हिंदुत्व पुराने मनुवादी कोढ़ की बीमारी से ज्यादा खरनाक मोदिवादी मोढ़ का रोग हो चुका है। जो इस महान भारत देश की एकता,अखंडता और मानवता पर भयानक खतरा पैदा कर रहा है।

