Thursday, February 26, 2026
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मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग के माननीय अध्यक्ष श्री मनोहर ममतानी ने ’चार मामलों में स्वतः संज्ञान’ लेकर संबंधितों से जवाब मांगा है।

भोपाल, गुरूवार 25 मई 2023

‘चार मामलों में स्वतः संज्ञान’

मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग के माननीय अध्यक्ष श्री मनोहर ममतानी ने ’चार मामलों में स्वतः संज्ञान’ लेकर संबंधितों से जवाब मांगा है।

झांसी अगवा कर भोपाल में 12 वर्ष की बालिका से दुष्कर्म

भोपाल शहर की कमलानगर पुलिस ने एक सनसनीखेज मामले का खुलासा किया है। डेढ़ साल पहले एक 12 वर्षीय नाबालिग का झांसी से अपहरण कर भोपाल लाया गया फिर आरोतिपों ने उसकी शादी अपने नाबालिग बेटे से करा दी। इसके बाद उससे मजदूरी कराने लगे। एक एनजीओ ने बच्ची को मजदूरी करते देखा तो उससे पूछताछ में पूरे मामले का पर्दाफाश हुआ। मामले में संज्ञान लेकर मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग ने पुलिस कमिश्नर, भोपाल से प्रकरण की जांच कराकर की गई कार्यवाही का प्रतिवेदन तीन सप्ताह में मांगा है।

डिलीवरी के बाद प्राइवेट पार्ट में छोड़ा काॅटन

भोपाल शहर के कोलार सीएचसी में डाॅक्टर और स्टाॅफ के कारण एक प्रसूता की जान पर बन आयी। डाॅ. आभाा शुक्ला ड्यूटी खत्म होने का हवाला देकर दर्द से कराहती गर्भवती को छोड़कर चली गई। स्टाफ ने मरीज की डिलीवरी कराने के लिए प्राइवेट पार्ट में चीरा लगा दिया। प्राइवेट पार्ट में टांके लगाए तो काॅटन बैंडेज ही छोड़ दिया। इसका पता तब चला, जब तीन दिन बाद पीड़िता को परेशानी हुई। तब परिजनों ने प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कर इसे निकलवाया। मामले की लिखित शिकायत सीएचसी प्रभारी डाॅ. रश्मि वर्मा से की गई। मामले में संज्ञान लेकर मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग ने सीएमएचओ, भोपाल से प्रकरण की जांच कराकर की गई कार्यवाही का प्रतिवेदन तीन सप्ताह में मांगा है।

दुष्कर्म पीड़िता ने थाने में खाया जहर

ग्वालियर जिले के इंदरगंज थानाक्षेत्र में देर रात दुष्कर्म पीड़ित महिला शिकायत लेकर पहुंची। महिला ने बताया कि एक वकील उसका लगातार शारीरिक शोषण कर रहा है। आए दिन वकील उसके साथ मारपीट कर जान से मारने की धमकी देता है, जिसमें पुलिस भी उसकी कोई सुनवाई न करते हुए कोई मदद नहीं कर रही। तभी महिला ने थाना प्रभारी के कक्ष में गुस्से में आकर जहर खा लिया। आनन-फानन में तत्काल महिला को थाने से ले जाकर अस्पताल में भर्ती कराया। वही डाॅक्टरों ने महिला का परीक्षण किया, तो उन्होंने उसकी स्थिति को सामान्य बताया। मामले में संज्ञान लेकर मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग ने पुलिस अधीक्षक, ग्वालियर से प्रकरण की जांच कराकर की गई कार्यवाही का प्रतिवेदन तीन सप्ताह में मांगा है।

फैक्ट्री में काम कर रहे मजदूर की संदिग्ध मौत

गुना जिले के कुंसमोदा स्थित एक प्लास्टिक फैक्ट्री में काम करने के दौरान कुसमरा निवासी मजदूर प्रीतम लोधा उम्र 25 वर्ष, जो कि रस्सी बनाने का काम करता था। उसकी संदिग्ध हालत में मौत हो गई। गत दिवस उसे घायल अवस्था में शहर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां घटना की सूचना मिलने पर मौके पर परिजन पहुंचे। इस दौरान उसकी सांस चल रही थी। डाॅक्टरों द्वारा युवक की हालत गंभीर बताते हुए इंदौर रैफर कर दिया। लेकिन युवक की ब्यावरा के निकट ही सांसे थम गई। बीते बुधवार को युवक के शव का पीएम कराकर पुलिस ने शव परिजनों को सौंपा। वही इस बारे में मृतक के चाचा एवं अन्य परिजनों ने मौत को संदिग्ध बताते हुए मामले की जांच की मांग की। परिजनों के अनुसार मृतक को पेड़ पर जबरन चढ़ाया गया था, जिससे उसकी गिरने से मौत हो गई। मामले में संज्ञान लेकर मध्यप्रदेश मानव अधिकार आयोग ने कलेक्टर एवं पुलिस अधीक्षक, गुना से प्रकरण की जांच कराकर की गई कार्यवाही का प्रतिवेदन तीन सप्ताह में मांगा है। तथा मृतक के परिजन को आर्थिक मुआवजा राशि प्राप्ति के संबंध में भी प्रतिवेदन मांगा है।

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