मूकनायक गोपाल मेघवंशी
📍 रायपुर (भीलवाड़ा),
15 जुलाई 2025 –
सगरेव गांव में भूमि विवाद को लेकर मारपीट और जातीय उत्पीड़न का शिकार हुए दलित परिवार ने अब न्याय के लिए सड़क का रास्ता चुना है। पीड़िता रोशनी देवी कालबेलिया और उनका परिवार आज शाम 6:00 बजे से रायपुर उपखंड कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गया है।
परिवार का साफ कहना है –
“हम तब तक नहीं उठेंगे, जब तक हमें न्याय नहीं मिलेगा। हमारी ज़मीन पर कब्जा करने वालों को गिरफ्तार किया जाए और हमें सुरक्षा दी जाए।”
ज्ञात हो कि 13 जुलाई को सगरेव गांव में दबंगों ने दलित परिवार के साथ मारपीट की थी और जातिसूचक गालियां दी थीं। पुलिस ने मामले में एफआईआर दर्ज की है, लेकिन अब तक गिरफ्तारी नहीं होने से पीड़ित परिवार आक्रोशित है।
🟥 शासन-प्रशासन पर सवाल:
क्या राजस्थान में दलितों को न्याय मांगने के लिए धरने पर बैठना पड़ेगा?
क्या भजनलाल की सरकार मौन बैठी रहेगी?
स्थानीय प्रशासन अब तक मौके पर क्यों नहीं पहुंचा?
🔴 पूरे क्षेत्र में आक्रोश और जनजागृति का माहौल है।
अब निगाहें टिकी हैं कि कब प्रशासन नींद से जागता है और दलित परिवार को न्याय दिलवाता है।

