पंचायत कलर गांव स्मेली स्वर्गीय हरी चंद जो कि भारतीय सेना सेवा निवृत की धर्म पत्नी पुष्पा देवी , जो की पोंग डेम विस्थापित han , यहाँ जमीन स्वर्गीय हरिचंद ने खरीदी थी , यहाँ पर मकान बनाए हुए इन्हें पचास वर्ष हो गए हैं उनके संसार छोड़ने के बाद इनके परिवार का रास्ता बंद कर दिया गया है । जिससे सोल्जर का परिवार बहुत परेशान हो रहा है । स्वर्गीय हरी चंद की बिदवा पुष्पा देवी ने बताया की हमने SDM कोर्ट देहरा में केस लगाया था । कोर्ट में SDM महोदय के समक्ष आरोपी चमन लाल पिता विशन दास व सुरजीत कुमार पिता ओम प्रकाश स्थाई निवासी समेली ने दलील दी थी कि हमने रास्ता छोड़ दिया है । लेकिन वह रास्ता अपनी मर्जी साइड में छोड़ रखा है जिससे हमारे घर के साथ बिल्कुल भी नहीं जुड़ता है । आज आरोपी सिर्फ इसी दलील पर केस जीत रहें हैं । लेकिन जमीनी स्तर पर आज भी हमें रास्ता नहीं मिला है । प्रशासन से गुहार लगाई कि हमें रास्ता दिलवाने की कृपा करें , क्योंकि आरोपी बड़ी जाति की धोन्स दिखाते हैं और हमें डरा धमका कर घर जमीन को छोड़कर भगाने की धमकी देते हैं, इन लोगों ने तो सरी हदे लांग दी han, स्कूल से आ रहे छोटे छोटे बच्चों को भी रास्ते से घर नहीं जाने दिया बच्चों को भी डराया धमकाया , सहमे हुय्र बच्चे जंगल से होते हुए घर पहुंचे , बच्चे घर पहुंचते हो रोने लगे और उन्होंने पुरा व्रतांत बताया यहाँ तक कि सहमे हुए बच्चे को घर पहुंचते हि बुखार भी आ गया है , ऐसी परिस्थिति में पीड़ित परिवार जाए तो khan जाए, पीड़ित परिवार ने बताया कि पंचायत प्रधान व वार्ड मेंबर भी आरोपियों के साथ मिले हुए han, और जिस जगह रास्ते का विवाद है वह नंबर किसी की मलकिती नंबर नहीं बल्कि उस नंबर की मालिक हिमाचल सरकार है, अगर उस जगह की मालिक हिमाल सरकार है तो प्रसाशन से विनती है कि इस मामले सही जाँच होनी चाहिए और पीड़ित परिवार को न्याय मिलना चाहिए , आरोपी दवंग han , उन पर नकेल लगनी अति अनिवार्य है ।
बीएसपी कांगड़ा उपाध्यक्ष सुबेक्सर हरबंश लाल ने बताया कि ये मामला पंडित समुदाय द्वारा बहुजन समाज को जाति आधारित प्रताड़ना का ha, जिस प्रकार हमें पीड़ित परिवार ने बताया था की किस प्रकार पुरा पंडितों का गांव एक होकर इनके रास्ते रोकना और जान से मरना व भगाने की धमकी देना , इस मामले को लेकर बहुत जल्दी हम लोग पीड़ित परिवार के माध्यम से SDM महोदय के समक्ष रखने वाले han, जो भी कानूनी कारावाई बनेगी करेंगे और पीड़ित परिवार का साथ देंगे ।

