Thursday, February 26, 2026
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अज्ञान और अंधविश्वास, इंसान और समाज दोनों के लिए हानिकारक, वहीं अज्ञान व अंधविश्वास के निवारण में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, सामाजिक सुधार व शिक्षा निभाते हैं अहम भूमिका

मूकनायक/देश
राष्ट्रीय प्रभारी ओमप्रकाश वर्मा
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महात्मा बुद्ध ने कहा है कि अंधविश्वास से दूर रहने वाले लोग हमेशा कर्म करने में विश्वास करते हैं तथा तर्कसंगत तरीके से अपने स्वयं के प्रयासों के माध्यम से अपने कर्मों से परिणाम की आकांक्षा रखते हैं । ऐसे लोग अंधविश्वास, ताबीज, शकुन या शुभ संकेतों से उत्साहित नहीं होते और वे चमत्कार के लिए प्रार्थना करके परिणाम की आकांक्षा नहीं रखते। अंधविश्वास एक ऐसा विश्वास या प्रथा है जिसके लिए कोई तर्कसंगत या वैज्ञानिक आधार नहीं होता है । यह अक्सर बिना किसी सबूत के या केवल परंपरा या सुनी-सुनाई बातों के आधार पर लोगों द्वारा मान्य होता है । उदाहरण के तौर पर काली बिल्ली का सड़क पार करना अपशकुन माना जाना एक लोकप्रिय अंधविश्वास है, जिसका कोई वैज्ञानिक आधार नहीं है । शनिवार को लोहा, तेल, काली उड़द आदि नहीं खरीदना एक अंधविश्वास है । मंगलवार को नाखून काटना भी एक अंधविश्वास है, जो कुछ लोगों द्वारा धार्मिक मान्यताओं के कारण पालन किया जाता है । सूर्य ग्रहण में घर से बाहर नहीं निकलना आदि सब अंधविश्वास ही हैं, जो कुछ लोगों द्वारा धार्मिक मान्यताओं के कारण पालन किया जाता है जिनका कोई वैज्ञानिक आधार नहीं है ।
अज्ञान और अंधविश्वास, व्यक्ति और समाज दोनों के लिए ही हानिकारक हैं। अज्ञानता के कारण, लोग सही और गलत के बीच का अंतर नहीं कर पाते हैं, जिससे वे टोना टोटका और अंधविश्वासों में फंस जाते हैं । अंधविश्वासों के कारण, लोग तर्क और विवेक खो देते हैं, जिससे वे मानसिक रूप से गुलाम बन जाते हैं और उनका विकास रुक जाता है । अंधविश्वास को दूर करने का सबसे प्रभावी उपाय शिक्षा और जागरूकता है। शिक्षा के माध्यम से लोगों को तार्किक सोच विकसित करने में मदद मिलती है और वे अंधविश्वास को समझने में सक्षम होते हैं। इसके अलावा, जागरूकता अभियान, वैज्ञानिक दृष्टिकोण को बढ़ावा देना और सामाजिक सुधार भी अंधविश्वास को दूर करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं । अज्ञान और अंधविश्वास से बढ़कर संसार में कोई अंधेरा नहीं है ! आप चाहे घर में जितना दीप जला लो, परंतु घर में उजाला तो शिक्षा के दीप से ही होगा। इसलिए “अपना दीपक स्वयं बने।”
बिरदीचंद गोठवाल, नारनौल
प्रदेश प्रभारी मूकनायक, हरियाणा

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