गल्फ, अफ्रीका और यूरोप के बाजारों तक पहुंच बनाने में DAFZ बनेगा महत्वपूर्ण माध्यम; 100 प्रतिशत विदेशी स्वामित्व, कर संबंधी सुविधाओं और वैश्विक लॉजिस्टिक्स पर हुई चर्चा
मूकनायक समाचार । सूरत
द सदर्न गुजरात चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (एसजीसीसीआई) की ग्लोबल कनेक्ट समिति की ओर से सूरत और दक्षिण गुजरात के उद्यमियों को अंतरराष्ट्रीय व्यापार से जोड़ने तथा वैश्विक बाजारों में कारोबार का विस्तार करने के उद्देश्य से दुबई एयरपोर्ट फ्रीजोन (डीएएफजेड) के साथ एक विशेष संवाद सत्र आयोजित किया गया। छह अक्टूबर 2026 को शाम पांच बजे नानपुरा स्थित चैंबर के समृद्धि भवन में आयोजित ‘इंटरैक्टिव सेशन ऑन ऑल्टिट्यूड 2026’ में डीएएफजेड के वरिष्ठ अधिकारियों ने उद्यमियों को खाड़ी देशों, अफ्रीका और यूरोप के बाजारों में कारोबार बढ़ाने की संभावनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी दी।
स्थानीय उत्पादों को वैश्विक बाजार तक पहुंचाने का समय : अशोक जीरावाला
चैंबर अध्यक्ष अशोक जीरावाला ने कहा कि सूरत वस्त्र, हीरा, आभूषण और इंजीनियरिंग जैसे क्षेत्रों में उत्पादन का प्रमुख केंद्र है। अब समय आ गया है कि दक्षिण गुजरात के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (एमएसएमई) केवल स्थानीय बाजार तक सीमित न रहें, बल्कि सीधे वैश्विक बाजारों तक अपनी पहुंच बनाएं।
उन्होंने कहा कि दुबई विश्व के प्रमुख व्यापारिक और पारगमन केंद्रों में से एक है। दुबई एयरपोर्ट फ्रीजोन जैसी सुविधाएं सूरत के उद्यमियों को मध्य पूर्व, अफ्रीका और यूरोप के बाजारों तक पहुंच बनाने के लिए एक सशक्त मंच प्रदान करती हैं। चैंबर स्थानीय उद्योगों को वैश्विक बाजार में स्थापित करने के लिए लगातार सेतु की भूमिका निभा रहा है।
वैश्विक व्यापार और लॉजिस्टिक्स का प्रमुख केंद्र है दुबई
कार्यक्रम के प्रारंभ में स्वागत भाषण देते हुए चैंबर के मानद कोषाध्यक्ष अतुल पटेल ने कहा कि दुबई विश्व का अग्रणी व्यापारिक एवं लॉजिस्टिक्स केंद्र है, जहां से अंतरराष्ट्रीय कारोबार का विस्तार करना अपेक्षाकृत सुविधाजनक हो सकता है। दुबई एयरपोर्ट फ्रीजोन का आधुनिक बुनियादी ढांचा सूरत के रत्न एवं आभूषण, वस्त्र और अन्य विनिर्माण क्षेत्रों के उद्यमियों के लिए महत्वपूर्ण अवसर उपलब्ध कराता है। उन्होंने उद्योगकारों से इन सुविधाओं का अधिकतम लाभ उठाकर वैश्विक स्तर पर अपनी व्यावसायिक पहचान मजबूत करने का आह्वान किया।
100 प्रतिशत विदेशी स्वामित्व और कर संबंधी सुविधाओं की जानकारी
सत्र के दौरान डीएएफजेड के बिजनेस अकाउंट विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मोताजबिल्लाह महमूद एल्बेलबीसी ने फ्रीजोन की बुनियादी सुविधाओं, कंपनी पंजीकरण की प्रक्रिया और वैश्विक हवाई संपर्क व्यवस्था के बारे में जानकारी दी।
इसके बाद डीएएफजेड के एशिया एवं अफ्रीका विभाग की सहायक निदेशक विजी विंसेंट पलायुर ने बताया कि दुबई एयरपोर्ट फ्रीजोन निवेशकों को 100 प्रतिशत विदेशी स्वामित्व, पूंजी और मुनाफे को अपने देश वापस भेजने की सुविधा, व्यक्तिगत एवं कॉरपोरेट करों से संबंधित रियायतें तथा आधुनिक भंडारण सुविधाएं उपलब्ध कराता है।
उन्होंने कहा कि सूरत के उद्यमी यहां अपना कार्यालय या व्यापारिक इकाई स्थापित कर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कारोबार का विस्तार कर सकते हैं। इन सुविधाओं से विशेष रूप से उन उद्यमियों को लाभ मिल सकता है, जो विदेशों में व्यापारिक नेटवर्क विकसित करना और नए बाजारों में प्रवेश करना चाहते हैं।
उद्यमियों ने अधिकारियों से सीधे पूछे सवाल
कार्यक्रम में आयोजित प्रश्नोत्तर सत्र के दौरान उद्यमियों ने व्यापारिक लाइसेंस, सीमा शुल्क प्रक्रिया, बैंक खाते खोलने और भंडारण क्षमता से जुड़े विभिन्न सवाल पूछे। डीएएफजेड के प्रतिनिधियों ने इन विषयों पर जानकारी देते हुए उद्यमियों की जिज्ञासाओं का समाधान किया।
कार्यक्रम की रूपरेखा और उद्देश्य पर ग्लोबल कनेक्ट समिति के अध्यक्ष देवकिशन मंघाणी ने अपनी बात रखी, जबकि समिति के सलाहकार मनीष माली ने वक्ताओं का परिचय कराया। कार्यक्रम का संचालन और अंत में आभार प्रदर्शन भी देवकिशन मंघाणी ने किया।
इस अवसर पर चैंबर के पदाधिकारी, ग्लोबल कनेक्ट समिति के सदस्य और बड़ी संख्या में उद्यमी उपस्थित रहे। सत्र का मुख्य उद्देश्य सूरत और दक्षिण गुजरात के उद्योगों को अंतरराष्ट्रीय व्यापार के नए अवसरों से परिचित कराना तथा वैश्विक बाजारों में उनकी भागीदारी बढ़ाने के लिए व्यावहारिक मार्गदर्शन उपलब्ध कराना था।

