रामपायली में मंदिर से लौटते समय चाकू से हमला कर की थी हत्या, अदालत ने लगाया 3 हजार रुपए का अर्थदंड
मूकनायक समाचार —/ सत्यशील गोंडाने / बालाघाट (मध्यप्रदेश)
वारासिवनी/रामपायली। रामपायली में मंदिर दर्शन कर पति के साथ स्कूटर से लौट रही दीपिका अग्रवाल की हत्या के मामले में न्यायालय ने आरोपी रमाराम घुले को दोषसिद्ध करार दिया है। प्रथम अपर सत्र न्यायालय की अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश कविता इनवाती ने आरोपी को धारा 302 के तहत आजीवन कारावास की सजा सुनाई। न्यायालय ने आरोपी पर 3 हजार रुपए का अर्थदंड भी लगाया है।
मामले की सुनवाई सत्र प्रकरण क्रमांक 30/2024, शासन विरुद्ध रमाराम घुले के रूप में हुई। अभियोजन की ओर से अतिरिक्त लोक अभियोजक आर.के. दुबे ने पैरवी की। अभियोजन द्वारा प्रस्तुत गवाहों एवं अन्य साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने आरोपी को दोषसिद्ध माना।
मंदिर से लौटते समय हुआ था हमला
अभियोजन के अनुसार 7 दिसंबर 2023 को दीपिका अग्रवाल अपने पति अक्षय अग्रवाल के साथ रामपायली स्थित श्रीराम मंदिर में दर्शन करने गई थीं। रात करीब 8:30 बजे दोनों स्कूटर से वापस लौट रहे थे। इसी दौरान मदनलाल मेमोरियल स्कूल के सामने कुमारी मोहल्ले के पास आरोपी ने उनके स्कूटर को टक्कर मार दी।
टक्कर के बाद स्कूटर डगमगा गया। पति वाहन संभाल रहे थे, तभी दीपिका नीचे गिर गईं। अभियोजन के मुताबिक इसके बाद आरोपी ने धारदार चाकू से दीपिका पर लगातार वार किए। गंभीर रूप से घायल दीपिका को आसपास मौजूद लोगों की मदद से रामपायली अस्पताल पहुंचाया गया। बाद में उन्हें वारासिवनी अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
घटना में दीपिका के पति अक्षय अग्रवाल को भी चोटें आई थीं। घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने मामले की जांच शुरू की।
रामपायली पुलिस ने दर्ज किया था मामला
मामले में रामपायली पुलिस ने अपराध क्रमांक 365/23 दर्ज कर आरोपी के खिलाफ धारा 302, 201, 323 एवं 506 के तहत कार्रवाई की थी। गिरफ्तारी पत्रक के अनुसार आरोपी को 8 दिसंबर 2023 को शाम 4:15 बजे रामपायली से गिरफ्तार किया गया था।
जांच के दौरान पुलिस द्वारा जुटाए गए साक्ष्यों को न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। अभियोजन पक्ष ने मामले से जुड़े गवाहों के बयान और अन्य साक्ष्य न्यायालय में रखे।
अदालत के फैसले में आरोपी दोषसिद्ध
अतिरिक्त लोक अभियोजक आर.के. दुबे के अनुसार न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोपी रमाराम घुले को धारा 302 एवं 323 के तहत दोषसिद्ध किया। धारा 302 के तहत उसे आजीवन कारावास एवं 3 हजार रुपए अर्थदंड से दंडित किया गया है।
दीपिका अग्रवाल हत्याकांड के इस फैसले के बाद लंबे समय से चल रही न्यायिक प्रक्रिया में महत्वपूर्ण पड़ाव आया है। रामपायली में हुई इस घटना ने उस समय क्षेत्र में गहरी चिंता पैदा की थी। अब न्यायालय द्वारा आरोपी को दोषसिद्ध कर आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई है।

