मूकनायक
देश
राष्ट्रीय प्रभारी ओमप्रकाश वर्मा
अघोरी का मतलब प्रकाशवान।
अर्थात ज्ञानी-प्रबुद्ध।
जिस प्रकार आज अघोरी को ज्ञानी नहीं सबसे गंदगी से सने संन्यासी को कहा जाता है और अघोरपंथी और सर भंगी भी कहा जाता है।
अघोरी-सरभंगी-भंगी सम्मानसूचक और गुण विशेष के सूचक हैं।
राम ने धनुष को भंग किया था तो वह धनुरभंगी कहलाये।
अस्वच्छ पेशे से जुड़े लोग स्वच्छ कार्य नहीं करते हैं, लेकिन सरकार ने नामकरण स्वच्छकार रख दिया।
भंगी ,चुहाड़ा, लालबेगी, नाम किसी हुक्मरान का दिया नाम नहीं है, इन नामों में इस कौम के ज्ञान-ध्यान-शौर्य-मान-सम्मान और स्वाभिमान का गौरवमयी इतिहास जुड़ा है।
बुद्ध को बुद्धू कह कर, देवानाम प्रियदर्सी यानि मूर्ख कह कर सम्राट अशोक को, भद्द का अर्थ श्रेष्ठ और भद्दा को गंदा कह कर अपमानित किया गया है, ठीक उसी तरह जैसे भंगी कह कर अपमानित करते हैं।
यदि हम भंगी को अपमान की जगह सम्मान का सूचक बनाने का प्रयास करें तो हमें अपनी राष्ट्रीय एकता और पहचान बनाने में कोई दिक्कत न होगी।
क्योंकि सारे भारत में हमारी पहचान भंगी नाम से ही की जाती है।
जबकि ऋषियों-मुनियों के नाम से हमारी कौम का नामकरण भी सरकारी संरक्षण में उसी तरह प्रदान किया गया है, जिस तरह स्वच्छकार नाम से नामकरण किया गया है।
हमारा गौरवमयी इतिहास भी भंगी नाम से मिलता है, इसलिए मैं तो अपने आपको जन्मजात भंगी मानता हूं और अपने लोगों को भंगी ही बने रहने के लिए प्रेरित करता हूं।
जिन्हें मेरी बातें अच्छी लगती है तो वह कमेन्ट बाक्स में ” बोल भंगी जय भीम ! जय भीम ! जय भीम ! का नारा जरूर लिखें। मैं लाइक करूंगा।
जिन्हें विरोध में कमेन्ट करना है, वह मेरे आपने होकर भी गैर जमाती हैं। जब सभी लोग भंगी को अग्र की जगह निम्न बनाने में तुले हैं तो मेरे अपने जो जिस डाल में बैठे हैं और उसी को काट रहे हैं तो उनको मैं क्या कह सकता हूं, सिर्फ चिंतन करने के सिवाय।
लेखक…..बौद्धाचार्य अर्थदर्सी भंगी राजतिलक
राष्ट्रीय संचालक
अखिल भारतीय भंगी महासभा
राष्ट्रीय कमांडर
अखिल भारतीय भंगी रेजीमेंट
पूर्व उपाध्यक्ष
नगर पालिका परिषद फतेहपुर उ. प्र.
मोबाइल नम्बर-9454390530
ह्वाटसप नम्बर-7565969900

