Thursday, February 26, 2026
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डोंगरगढ़ में अंतरराष्ट्रीय बौद्ध सम्मेलन की तैयारी प्रारंभ,6 फरवरी को प्रज्ञागिरी में होगा आयोजन

डोंगरगढ़ में अंतरराष्ट्रीय बौद्ध सम्मेलन की तैयारी प्रारंभ,6 फरवरी को प्रज्ञागिरी में होगा आयोजन

मूकनायक/दिलीप मैश्राम

डोंगरगढ़ (छत्तीसगढ़)।

विश्व शांति, करुणा एवं मानव कल्याण के उद्देश्य से प्रतिवर्ष आयोजित होने वाला अंतरराष्ट्रीय बौद्ध सम्मेलन इस वर्ष भी आगामी 6 फरवरी को डोंगरगढ़ स्थित प्रज्ञागिरी में आयोजित किया जाएगा। सम्मेलन का आयोजन प्रज्ञागिरी पञ्ञा मेत्ता संघ, डोंगरगढ़ द्वारा किया जा रहा है, जिसकी तैयारियां प्रारंभ हो चुकी हैं।
सम्मेलन की तैयारियों को लेकर रविवार को प्रज्ञागिरी के निर्माता एवं भारतीय बौद्धों के धम्मदूत पूज्य भदन्त संघरत्न मानके, भदन्त धम्मशिखर एवं भदन्त धम्मतप की उपस्थिति में उपासक डॉ. मनोज गजभिये के निवास पर बैठक आयोजित की गई। बैठक की शुरुआत पूज्य भदन्तों द्वारा उपस्थित उपासक-उपासिकाओं को त्रिशरण एवं पंचशील प्रदान कर की गई।
बैठक में निर्णय लिया गया कि 5 फरवरी की शाम 5 बजे नागसेन बुद्ध विहार से प्रज्ञागिरी पर्वत तक कैंडल रैली निकाली जाएगी। इसके पश्चात प्रज्ञागिरी परिसर में बुद्ध प्रतिमा के समक्ष उपस्थित 30 भिक्खु संघ द्वारा महापरित्राण पाठ किया जाएगा।
6 फरवरी को सुबह 9 बजे नागसेन बुद्ध विहार से त्रिशरण-पंचशील के साथ धम्म रैली निकाली जाएगी, जो कालकापारा बुद्ध विहार, प्रज्ञा चौक बुद्ध विहार एवं राजीव नगर बुद्ध विहार में वंदना एवं पंचशील कार्यक्रम के उपरांत प्रज्ञागिरी पहुंचेगी। यहां प्रज्ञागिरी पर विराजमान 30 फीट ऊंची तथागत सम्यक संबुद्ध की प्रतिमा के समक्ष दीप, धूप एवं पुष्प अर्पित कर भिक्खु संघ का स्वागत-सत्कार किया जाएगा।
सम्मेलन के दौरान जापान, अमेरिका, श्रीलंका, म्यांमार, तिब्बत एवं भारत सहित विभिन्न देशों से पधारे भिक्खु संघ द्वारा धम्म प्रवचन एवं धम्म उद्बोधन प्रस्तुत किए जाएंगे।
बैठक में यह संकल्प लिया गया कि शील, समाधि और प्रज्ञा, प्रेम, भाईचारा एवं सत्य के माध्यम से समाज में व्याप्त कुरीतियों के उन्मूलन तथा बुद्ध धम्म ध्यान शिविरों के माध्यम से लोगों में पवित्र मैत्री भावना जागृत करने का कार्य पञ्ञा मेत्ता संघ द्वारा निरंतर किया जाएगा।
बैठक का संचालन डॉ. मनोज गजभिये ने किया। इस अवसर पर एच. के. आजाद, अमित हीरालाल टेम्भुरकर, पूनम वेणु गोपाल खोब्रारागढ़े एवं पल्लवी मेश्राम ने भी अपने विचार व्यक्त किए। आभार प्रदर्शन ज्योति मेश्राम ने किया।
बैठक में संजू, रीना गजभिये, कल्पना डोंगरे, बविता, निर्मला अम्बादे, अनमोल बौद्ध, रामकुमार वर्मा, मनोहर कांबडे, जितेंद्र कठाने, सविता अम्बादे, लक्ष्मी बोरकर, अनीता उके, मनोरमा मेश्राम, पंकज नारगोरे सहित बड़ी संख्या में उपासक-उपासिकाएं उपस्थित रहीं।

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