Saturday, March 14, 2026
Homeउत्तर प्रदेशडुमरियागंज के फैज अल्ट्रासाउंड सेंटर पर अवैध संचालन के आरोप, अप्रशिक्षित व्यक्ति...

डुमरियागंज के फैज अल्ट्रासाउंड सेंटर पर अवैध संचालन के आरोप, अप्रशिक्षित व्यक्ति से स्कैन कराने का वीडियो होने का दावा

मूकनायक/ दुर्गेंद सम्राट सिद्धार्थनगर/ उत्तर प्रदेश

सिद्धार्थनगर। जनपद के डुमरियागंज स्थित फैज अल्ट्रासाउंड सेंटर पर PCPNDT एक्ट 1994 के उल्लंघन के गंभीर आरोप लगाए गए हैं। जिला समुचित प्राधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी को दी गई शिकायत में कहा गया है कि केंद्र पर नियमों के विपरीत अल्ट्रासाउंड सेवाएं संचालित की जा रही हैं।

शिकायतकर्ता का दावा है कि केंद्र पर एक अप्रशिक्षित व्यक्ति द्वारा अल्ट्रासाउंड करते हुए वीडियो भी बनाया गया है, जिसे साक्ष्य के रूप में प्रस्तुत किया गया है। आरोप है कि केंद्र पर “फैजान” नामक व्यक्ति द्वारा अवैध रूप से स्कैन किया जा रहा है, जबकि नियमों के अनुसार बिना मान्यता प्राप्त योग्यता या प्रशिक्षण के किसी भी व्यक्ति द्वारा अल्ट्रासाउंड मशीन का संचालन करना अपराध की श्रेणी में आता है।

शिकायतकर्ता के अनुसार, इस मामले में अस्पताल अधीक्षक से भी बातचीत हुई, जिसमें मौके पर पंजीकृत डॉक्टर की अनुपस्थिति की बात सामने आने का दावा किया गया। बताया गया कि मौके पर रजिस्ट्रेशन वाले डॉक्टर उपस्थित नहीं पाए गए, जबकि केंद्र पर अल्ट्रासाउंड की गतिविधियां जारी थीं।

शिकायत में यह भी कहा गया है कि पहले इस सेंटर पर डॉक्टर तारिक हसन की डिग्री के आधार पर पंजीकरण दर्शाया गया था, लेकिन बाद में वह डिग्री हटा ली गई। इसके बावजूद सेंटर का संचालन जारी रहने का आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि वर्तमान में यह केंद्र बिना वैध पंजीकरण के संचालित हो रहा है और इसके खिलाफ तत्काल मशीन सीज कर कानूनी कार्रवाई की जानी चाहिए।

शिकायतकर्ता ने यह भी बताया कि इस मामले में माननीय उच्च न्यायालय में जनहित याचिका दायर की जा चुकी है और अवैध संचालन के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की गई है।

अब देखना यह है कि स्वास्थ्य विभाग इस मामले में कार्रवाई करते हुए अपना दामन बचाता है या फिर मामले में उच्च न्यायालय तक जवाब देने की स्थिति बनती है। शिकायतकर्ता ने प्रशासन से मांग की है कि PCPNDT एक्ट के तहत फैज अल्ट्रासाउंड सेंटर का पंजीकरण निरस्त किया जाए, मशीन को सीज किया जाए और अवैध रूप से संचालन करने वाले व्यक्तियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज की जाए।

- Advertisment -

Most Popular

Recent Comments