



मूकनायक/ सत्यशील गोंडाने (जिला संवाददाता)
(बालाघाट)
बुद्ध और बाबासाहेब के विचारों पर आधारित वैवाहिक सोच को मिला संगठित मंच मूकनायक समाचार सत्यशील गोंडाने वारासिवनी (जिला बालाघाट, मध्यप्रदेश) दि बुद्धिस्ट सोसाइटी ऑफ इंडिया (भारतीय बौद्ध महासभा) की तहसील एवं नगर शाखा वारासिवनी द्वारा बौद्ध युवक–युवती परिचय सम्मेलन का आयोजन 21 दिसंबर 2025, रविवार को गरिमामय एवं अनुशासित वातावरण में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ जिसमें लगभग 140 युवक -युवती सम्मेलन भाग लिया जिला बालाघाट सहित आसपास के क्षेत्रों से एवं छत्तीसगढ़ , महाराष्ट्र राज्य के बड़ी संख्या में बौद्ध समाज के युवक–युवतियाँ, उनके अभिभावक एवं समाज के वरिष्ठ नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का आयोजन भगवान गौतम बुद्ध एवं संविधान निर्माता डॉ. भीमराव बाबासाहेब आंबेडकर के विचारों से प्रेरित होकर किया गया। मंच पर बुद्ध और बाबासाहेब के चित्र सामाजिक चेतना, समानता और आत्मसम्मान का प्रतीक बने रहे।
समानता और संस्कार पर आधारित रिश्तों का संदेश
सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य बौद्ध समाज के युवक–युवतियों को दहेजमुक्त, विचारशील और समानतापूर्ण वैवाहिक मंच उपलब्ध कराना रहा। आयोजकों ने स्पष्ट किया कि विवाह केवल पारिवारिक नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी भी है और इसका आधार शिक्षा, नैतिकता, करुणा एवं परस्पर सम्मान होना चाहिए।
बुद्ध धम्म के सिद्धांतों पर विशेष जोर
कार्यक्रम में वक्ताओं ने बुद्ध धम्म के शील, प्रज्ञा, करुणा और मैत्री के सिद्धांतों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि आज के भौतिकवादी दौर में रिश्तों को लेन-देन से जोड़ा जा रहा है, जबकि बौद्ध धम्म मानवता और समता पर आधारित जीवन पद्धति सिखाता है। ऐसे परिचय सम्मेलन समाज को सही दिशा देने का कार्य कर रहे हैं।
युवक–युवतियों और अभिभावकों की रही व्यापक सहभागिता
सम्मेलन में युवक–युवतियों ने आत्मविश्वास के साथ अपना परिचय प्रस्तुत किया। शिक्षा, रोजगार, सामाजिक सहभागिता और जीवन मूल्यों को प्राथमिकता दी गई। अभिभावकों ने इस मंच को पारदर्शी, सुरक्षित और सामाजिक मर्यादा के अनुरूप बताते हुए आयोजन की सराहना की।
आयोजन समिति की सराहनीय भूमिका
दि बुद्धिस्ट सोसाइटी ऑफ इंडिया की तहसील एवं नगर शाखा वारासिवनी की आयोजन समिति द्वारा पंजीयन, मंच व्यवस्था, समयबद्ध संचालन एवं अनुशासन का विशेष ध्यान रखा गया। समिति ने कार्यक्रम को सफल बनाने में सहयोग देने मुख्य अतिथि के रूप आयु डां चरण दास ढेगरे ,(प्रदेश अध्यक्ष,बी,एस,आई,) प्रमुख अतिथि आर, के,कठाने(प्रदेश सचिव केन्द्रीय शिक्षक) प्रमुख राजकुमार कामडे कार्यालय, हेमलता, डोंगरे, विषेष अतिथि धर्मेन्द्र कुरिल (पूर्व प्रदेश सचिव, जितेन्द्र हिरकने, देवानंद डोंगरे, जिला उपाध्यक्ष, सभी पदाधिकारियों, स्वयंसेवकों एवं समाजबंधुओं के प्रति आभार व्यक्त किया।
समाज के लिए प्रेरणादायी पहल
सम्मेलन का समापन इस संकल्प के साथ हुआ कि भविष्य में भी ऐसे आयोजन निरंतर किए जाएंगे, ताकि बौद्ध समाज में सुदृढ़ पारिवारिक व्यवस्था, सामाजिक एकता और वैचारिक मजबूती को और अधिक बल मिल सके।
मूकनायक का दृष्टिकोण
मूकनायक मानता है कि बौद्ध युवक–युवती परिचय सम्मेलन केवल वैवाहिक मंच नहीं, बल्कि समानता, आत्मसम्मान और सामाजिक जागरूकता की वह आवाज़ है, जो समाजिक को संगठित कर भविष्य में ऐसी पहल होनी चाहिए।

