मूकनायक
राजस्थान /हिंडौन सिटी
राधेश्याम तिबारा की रिपोर्ट
राज्यसभा सदन में गत 17 दिसंबर को गृह मंत्री अमित शाह की ओर से डॉ. भीमराव अम्बेडकर पर जो टिप्पणी की को लेकर दि बुद्धिस्ट सोसाइटी ऑफ इंडिया,भीम आर्मी आजाद समाज पार्टी, बसपा के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं की ओर से जाटव बस्ती बगीची से, जाट की सराय , महाराजा सूरजमल जाट स्टेडियम, भगत सिंह सर्किल होते हुए उपखंड कार्यलय तक रैली साथ एसडीएम कार्यालय के सामने गृहमंत्री अमित शाह एवं भाजपा सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
आजाद समाज पार्टी करौली जिला प्रभारी रिंकू खेड़ी हैवत ने कहा कि राज्यसभा सदन में गृहमंत्री अमित शाह ने जो बयान दिया कि अम्बेडकर-अम्बेडकर, रटते रहते हैं, जो कि आजकल फैशन हो गया है।
शाह की ओर से बाबा साहेब के ऐतिहासिक योगदान और सामाजिक न्याय के लिए उनकी ओर से किए गए कार्य का अपमान है। अम्बेडकर का नाम लेना कोई फैशन नहीं, बल्कि समानता एवं स्वतंत्रता और शांति का प्रतीक है, जिन्होंने करोडों दबे कुचले लोगों को न्याय और अधिकार दिलाया और साथ ही मांग की है शाह के खिलाफ देशद्रोह का मुकदमा दर्ज कराया जाए , इनके ऊपर उचित कार्रवाई कर जेल में डाला जाए। इस अवसर पर भीम आर्मी के युवाओं सहित रामचरण खुरसठपुरा, इंद्रेश पाली, उम्मेद करसौलिया
मनीष जाटव बस्ती, सतीश बनकी, राजवीर सिंह, डालचंद, मानसिंह, समय सिंह फौजी, भरत बाबा अमर सिंह,राधाकिशन , पूरनमल, हरिचरण बौद्ध,सुरेश बनकी, पिंटू बनकी मौजूद रहे।
की ओर से देश के गृह मंत्री अमित शाह की ओर से भीमराव अम्बेडकर के खिलाफ की गई गलत टिप्पणी का विरोध करते हुए जिला कलक्टर को ज्ञापन देकर केन्द्रीय मंत्री पद से शीघ्र बर्खास्त करने की मांग की गई । ज्ञापन में लिखा है कि कोई हमारे भगवान महापुरूष के खिलाफ बोलेगा, वह हम बर्दाश्त नहीं करेंगे। देश की सबसे बड़ी पंचायत में केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह की ओर से भारतीय संविधान के निर्माता डॉ. अम्बेडकर जिन्होंने देश को लिखित संविधान दिया। इस दौरान अमित शाह का पुतला एसडीएम के कार्यालय के बाहर फूंका गया। इस मौके दि बुद्धिस्ट सोसाइटी ऑफ इंडिया दक्षिण के प्रदेश अध्यक्ष लक्ष्मण बौद्ध बाजना, जमनालाल बौद्ध, रामधन पहाड़ी, श्याम बौद्ध,सुंदरा भंते शुगर लाल,कमल सिंह सैनी,रामप्रसाद अध्यापक,लाखन सिंह आदि शामिल थे।

