मूकनायक/मध्य प्रदेश/इंदौर
राजू कुमार
धम्मचक्र प्रवर्तन दिन के उपलक्ष्य में डॉ. बाबासाहेब आंबेडकर मेमोरियल सोसायटी भीम जन्मभूमि के अध्यक्ष पूजनीय भंते प्रज्ञाशील जी ने प्रज्ञा बौद्ध विहार परदेशीपुरा इंदौर पर वर्षावास समापन समारोह एवं महर्षि वाल्मीकि जयंती पर गांधी हॉल के आयोजन में अपनी विशिष्ट उपस्थिति दर्ज की।प्रज्ञा बौद्ध विहार पर गत आषाढ़ पूर्णिमा से शुरू हुए भगवान बुद्ध और उनका धम्म इस ग्रंथ वाचन का समापन एवं सामाजिक कार्यकर्ताओ का सम्मान भी किया गया।महर्षि वाल्मिकी जी की जयंती के पावन अवसर पर मध्यप्रदेश राज्य सफाई आयोग के अध्यक्ष केबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त माननीय प्रताप करोसिया जी के नेतृत्व में गांधी हॉल परिसर में भव्य आयोजन हुआ। वाल्मिकी समाज की चारों पंचायतों के मुखियागण एवं समाज के संत श्री किशोरनाथ जी महाराज और भीम जन्मभूमि के अध्यक्ष भंते प्रज्ञाशील जी ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम की विधिवत शुरुआत की। इस अवसर पर समाज के युवाओं द्वारा श्री वाल्मिकी वंदना की विशेष प्रस्तुति भी दी गई। मुख्य अतिथि केबिनेट मंत्री तुलसी सिलावट, सांसद शंकर लालवानी, नगर अध्यक्ष भाजपा गौरव रणदीवे, क्षेत्र क्रमांक तीन के विधायक गोलू शुक्ला ने भी दोनों संतो का आशीर्वाद प्राप्त किया।अपने उद्बोधन में मंत्री एवं सांसद महोदय ने देशभर में इंदौर शहर को लगातार सात बार स्वच्छता में नंबर वन लाने का श्रेय सफाईकर्मियों को दिया और कहा कि अब समय बदलाव का है समाज के लोगों को जिम्मेदारीपूर्वक अपने समाज के बच्चों और युवाओं को शिक्षा में अगुआ बनाने की जिम्मेदारी निभाने का काम करने की आवश्यकता है। जिस प्रकार आपकी रात दिन की मेहनत से इंदौर शहर ने देश के प्रमुख शहरों को पीछे छोड़कर सफाई में पहले नंबर का तमगा हासिल किया है ऐसे ही शिक्षा के क्षेत्र में भी नंबर वन लाने के लिए पूरे समाज को मिलकर प्रयास करना है। तभी समग्र विकास की दिशा में काम हो सकेगा। इस अवसर पर मध्यप्रदेश राज्य सफाई कर्मचारी आयोग के अध्यक्ष प्रताप करोसिया का समाज की चारों पंचायतों के माध्यम से पुष्पमाला पहनाकर स्वागत किया गया। मंत्री ने भी करोसिया का स्वागत किया और समाज की मूल समस्याओं के प्रति जिम्मेदारीपूर्वक न्याय, हक, अधिकार की बात करने वाले प्रताप करोसिया जी की पीठ भी थपथपाई। जूनियर अमिताभ बच्चन, जूनियर नाना पाटेकर और जूनियर सुनील शेट्टी कार्यक्रम के आकर्षण का केंद्र रहे। कार्यक्रम का संचालन चौधरी लीलाधर करोसिया जी ने किया। कार्यक्रम के मुख्य संयोजक राजेश करोसिया थे। अंत में सभी ने मैत्रीभोज किया।

