मूकनायक बालाघाट ब्यूरो ।
कुम्हारी से लालबर्रा की दूरी हुई कम
कुम्हारी और धपेरा के बीच वैनगंगा नदी पर पुल बन जाने से कुम्हारी और आस-पास के गांव के लोगों को लालबर्रा जाने के लिये अब कम दूरी तय करना पड़ता है। इसी प्रकार मोहगांव धपेरा और उसके आस-पास के गांव के लोगों को बालाघाट आने के लिये बेहरई और कनकी नही जाना पड़ रहा है। इस पुल के बनने से वैनगंगा नदी में बाढ़ आने पर भी अब आवागमन बाधित नही होता है और इस क्षेत्र के लोगों का सड़क सम्पर्क बना रहता है।
कुम्हारी और धपेरा के बीच वैनगंगा नदी पर मंडी निधि की लगभग 20 करोड़ रुपये की राशि से 325 मीटर लम्बाई का पुल बन गया है और इससे आवागमन प्रारंभ हो गया है। मध्यप्रदेश शासन के तत्कालीन कृषि मंत्री श्री गौरीशंकर बिसेन द्वारा इस पुल निर्माण के लिये राशि स्वीकृत की गई थी और 17 जून 2018 को इसका भूमि पूजन किया गया था। इस पुल के बन जाने से कुम्हारी से लालबर्रा की दूरी लगभग 15 कि.मी. हो गई है। अब कुम्हारी और उसके आस-पास के लोगो को लालबर्रा जाने के लिये बालाघाट या समनापुर होकर नही जाना पड़ता है बल्कि वे सीधे इस पुल से धपेरा होकर लालबर्रा पहुंच जाते है। मोहगांव एवं धपेरा के लोगो को बालाघाट आने के लिये अब छतेरा, बेहरई, कनकी, गर्रा होकर अधिक दूरी तय नही करनी पड़ रही है। इस पुल के बनने से बालाघाट क्षेत्र की जनता को आवागमन का एक अच्छा मार्ग मिल गया है। इससे उनके समय एवं श्रम की बचत हो रही है।

