Thursday, February 26, 2026
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जो समाज अपने महापुरुषों एवं अपने इतिहास को नहीं जानता वह समाज कभी सामाजिक रूप से एकजुट नहीं हो सकता-चौधरी विनोद अंबेडकर

(सवाई माधोपुर में परिवर्तन संस्था का द्वितीय जिला अधिवेशन।)

20 अगस्त को आयोजित सवाई माधोपुर के रणथंभौर विलास रिसोर्ट में सामाजिक एकजुटता से शिक्षा प्रशासन एवं सत्ता में भागीदारी को लेकर परिवर्तन संस्था के केंद्रीय अध्यक्ष वेद वीर सिंह आदिवासी की अध्यक्षता में द्वितीय जिला अधिवेशन का आयोजन किया गया। जिसका संचालन जिलाध्यक्ष शिव कुमार ने किया । इस अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि संस्था प्रमुख चौधरी विनोद अंबेडकर की गरिमामयी उपस्थिति रही। अधिवेशन का शुभारंभ बाबा साहेब डॉ अंबेडकर के सम्मुख पुष्प अर्पित कर संस्था के समूह गान के साथ हुआ । अधिवेशन को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि संस्था प्रमुख चौधरी विनोद अंबेडकर ने कहा कि-“जो समाज अपने महापुरुषों एवं अपने इतिहास को नहीं जानता वह समाज कभी सामाजिक रूप से एकजुट नहीं हो सकता और बिखरा हुआ समाज हमेशा दीन-हीन बना रहता है, आप लोग अपनी दशा तों देखो; ना शिक्षा में ना प्रशासन में ना सत्ता में, आपको किसी भी क्षेत्र में ना तो जनसंख्या के अनुपात में हिस्सेदारी मिल रही है और ना ही सामाजिक सम्मान। कहीं भी तो नहीं हो। इसलिए आप लोगों पर अत्याचार होते हैं, हक मारी हो रही है, आखिर कब तक गरीबी और जिल्लत का जीवन जिओगे ? मैं आप लोगों को ऐसी दशा से बहुत चिंतित और चिंतनशील हूॅं तथा अंतिम पायदान की जातियों को शिक्षा प्रशासन एवं सत्ता में भागीदारी दिलाना चाहता हूॅं, जो सामाजिक एकजुटता के बिना संभव नहीं है। अगर शिक्षा प्रशासन और सत्ता में भागीदारी नहीं होगी तो आपके साथ अत्याचार कभी खत्म नहीं होंगे और ना ही हक मारी रुकेगी; आप लोग मुझ पर भरोसा करके फुले, अंबेडकर, कांशीराम की विचारधारा से सामाजिक एकजुटता पैदा करने में सहयोग करें तो मैं आप लोगों को शिक्षा प्रशासन और सत्ता में भागीदारी बोनस में दूॅंगा लेकिन आपकी प्रॉब्लम यह है कि आपको दोस्त और दुश्मन की पहचान नहीं है आप उन्हीं राजनीतिक दलों सामाजिक संगठनों और तथाकथित नेताओं के पीछे दौड़ते रहते हो जो आपको हमेशा अपना पिच्छलगू बनाए रखते हैं, ध्यान रहे उनकी मंशा कभी भी तुम्हें कुछ देने की नहीं है।”
अध्यक्षीय उद्बोधन में केंद्रीय अध्यक्ष वेद वीर सिंह आदिवासी जी ने कहा कि-“संस्था प्रमुख फुले, अंबेडकर, कांशीराम की विरासत की वारिस है और आपको मान-सम्मान शिक्षा प्रशासन एवं सत्ता में भागीदारी दिलाने के लिए 28 वर्षों से सत्य निष्ठा के साथ परिश्रम की पराकाष्ठा कर रहे हैं ; उनकी मंशा स्वयं को नहीं बल्कि समाज को लाभान्वित करने की है इसलिए वक्त रहते, उनका साथ दो और सहयोग करो।”
विशिष्ट अतिथि राजस्थान के अध्यक्ष सोहनलाल चांवरिया, राजस्थान के उपाध्यक्ष मोहनलाल गोडीवाल, भरतपुर संभाग संस्था नेत्री गरिमा कुमारी एवं वरिष्ठ समाजसेवी ग्यासी हल्दिया ने भी अधिवेशन को संबोधित किया।
*बीकानेर से भी सैकड़ो कार्यकर्ताओं ने इस अधिवेशन में भाग लिया। अधिवेशन में मुख्य रूप से अमित बौद्ध ने भीम गीत प्रस्तुत किया।*
अधिवेशन में मुख्य रूप से संस्था के मीडिया प्रभारी दिलीप कुमार, विजय कुमार, सुरेश पारखी, जगदीश सनगत, पूरणमल ठेकेदार, खेमराज कलोसिया, बुद्धि प्रकाश कलोसिया, केल्याराम संगत, गिरिराज सोनवाल, रवि गैंगट, शिव कुमार वाल्मीकि, श्रीकृष्ण गोयर, श्रीमती कमला देवी (पूर्व पार्षद), सूरज डागर, मुकेश गोयर अजय ढंडोरिया, प्रवीण लखन, जुगनपाल, सोनू चंदोला, लखन कलोसिया युवान ढंडोरिया,रामबाबू गोडीवाल शामिल रहे ।

भवदीय
शिवकुमार

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