✍ राजेश कुमार बौद्ध
डॉ भदंत आनन्द कौसल्यायन जी का जन्म 5 फरवरी 1905 को पंजाब के सोहाना नामक गॉव में हुआ था। वे भी ब्राह्मण कुल से थे। उनका दीक्षापूर्व नाम हरनाम दास था।
सन् 1926 में कला स्नातक की परीक्षा उत्तीर्ण करने के बाद मेरठ में उनकी राहुल सांस्कृत्यायन से आकस्मिक मुलाकात हुई। इस आकस्मिक मुलाकात ने ही उनके जीवन को बौद्ध धर्म की ओर मोड़ दिया।
दिसम्बर 1927 में राहुल सांस्कृत्यायन के ही निमंत्रण पर वे श्रीलंका गए, जहां के विघालंकार बुद्ध विहार में उन्होंने ‘ त्रिपिटकों ʼ का अध्ययन किया। वहीं पर आचार्य एल. धम्मानंद से उन्होंने बौद्ध धर्म की भिक्षु दीक्षा ली। उनका दीक्षा-नाम ‘ भदंत आनन्द कौसल्यायन ʼ हुआ।
श्रीलंका में रहकर भदंत आनन्द कौसल्यायन का पूर्ण रूपांतरण हो गया। उन्होंने लेखनी के माध्यम से बौद्ध धर्म के प्रचार-प्रसार का संकल्प लिया और आजीवन इस संकल्प को साकार करने में सक्रिय रहे, उन्हें महाबोधि सोसाइटी की हिन्दी भाषा की मासिक पत्रिका ‘धर्मदूतʼ के संपादन का भी अवसर मिला। यघापि वे संस्कृत, पालि, उर्दू , पंजाबी, अंग्रेजी आदि कई भाषाओं के आधिकारिक विद्धान थे, लेकिन साहित्य-सर्जना के लिए उन्होंने हिन्दी को ही अपना मुख्य आधार बनाया। बोधिसत्व बाबा साहब डॉ अम्बेडकर जी के बौद्ध साहित्य का अंग्रेजी से हिन्दी में अधिकांश अनुवाद डॉ भदंत आनन्द कौसल्यायन ने ही किया उन्होंने ‘ पालि ‘हिंदी शब्दकोश, सिंहल भाषा और साहित्य , मौदगल्यायन व्याकरण, आदि समृद्ध ग्रंथो की रचना की ।इसके अलावा महावंश, जातक कथाएँ, धम्मपद, अभिधम्मत्थ संगहो, अंगुत्तर निकाय, आदि दर्जनों बौद्ध ग्रंथों का हिन्दी में अनुवाद किया।
परम पूज्य बोधिसत्व बाबा साहब डॉ अम्बेडकर जी के बौद्ध आन्दोलन से वे अत्यधिक प्रभावित थे। बोधिसत्व बाबा साहब डॉ अम्बेडकर जी का अंतिम संस्कार भी उन्होंने ही कराया था और तदुपरांत हजारों लोगों को बौद्ध धर्म की दीक्षा दी थी।
देश -विदेश की यात्राएं करते हुए उन्होंने व्याख्यानों एवं लेखनी ध्दारा बुद्ध के संदेश के प्रचार-प्रसार करने में विशेष योगदान दिया। जीवन के उत्तरार्ध में उन्होंने बाबा साहब डॉ अम्बेडकर जी की धम्मभूमि नागपुर को अपना कार्यक्षेत्र बनाया। वहां एक बौद्ध प्रशिक्षण संस्थान, बुद्ध विहार, भिक्षु निवास की स्थापना की और 22 जून 1988 को 83 वर्ष की आयु में वही निर्वाण को प्राप्त हुए।
लेखक :-
राजेश कुमार बौद्ध
गोरखपुर, (उत्तर प्रदेश) Mob.N.9616129934 , Email- prabuddhvimarshgkp@gmail.com

